Stocks In News : इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों को मिली बड़ी राहत, 5% तक भागे डिक्सन टेक और केन्स जैसे शेयर

Stocks In News:सरकार से इलेक्ट्रॉनिक मैनुफैक्चरिंग को बड़ी राहत मिली है। कई अहम कच्चे माल पर इंपोर्ट ड्यूटी हटाई गई है। इस पर वित्त मंत्रालय ने नोटिफिकेशन जारी किया है। इससे मोबाइल फोन और उनके कंपोनेंट्स वाली कंपनियों को राहत मिली है। चार्जिंग मॉड्यूल और डिस्प्ले समेत 6 पार्ट्स पर इंपोर्ट ड्यूटी हटी है। डिस्प्ले बनाने के जरूरी कंपोनेंट्स पर भी ड्यूटी जीरो कर दी गई है

अपडेटेड Jul 09, 2026 पर 11:32 AM
Stocks In News : सरकार से सोलर इक्विपमेंट और EPC कंपनियों को भी राहत मिली है। इनके लिए सेल्फ सर्टिफिकेशन की समय सीमा 31 दिसंबर तक बढ़ा दी गई है

Stocks In News : इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को सरकार से बड़ी राहत मिली है। चार्जिंग मॉड्यूल और डिस्प्ले के कंपोनेंट जैसे कई अहम कच्चे माल पर इम्पोर्ट ड्यूटी जीरो कर दी गई है। यह छूट 31 मार्च 2029 तक लागू रहेगी। साथ ही, सोलर उपकरण और EPC कंपनियों के लिए भी राहत की खबर है। इनके लिए टेस्टिंग लैब्स की कमी के चलते सेल्फ सर्टिफिकेशन (Self-Certification) की समय सीमा 31 दिसंबर तक बढ़ा दी गई है। चार्जिंग मॉड्यूल और डिस्प्ले के कंपोनेंट पर इम्पोर्ट ड्यूटी हटने से EMS शेयरों में आज जोरदार तेजी आई है। डिक्सन टेक, केन्स टेक, सिरमा एसजीएस और पीजी इलेक्ट्रोप्लास्ट जैसे शेयर 4 से 5 फीसदी भागे हैं।

EMS सेक्टर को बड़ी राहत

सरकार से इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग को बड़ी राहत मिली है। कई अहम कच्चे माल पर इंपोर्ट ड्यूटी हटाई गई है। इस पर वित्त मंत्रालय ने नोटिफिकेशन जारी किया है। इससे मोबाइल फोन और उनके कंपोनेंट्स वाली कंपनियों को राहत मिली है। चार्जिंग मॉड्यूल और डिस्प्ले समेत 6 पार्ट्स पर इंपोर्ट ड्यूटी हटी है। डिस्प्ले बनाने के जरूरी कंपोनेंट्स पर भी ड्यूटी जीरो कर दी गई है। इसमें कार, मेडिकल डिवाइस और इंडस्ट्रियल मशीनों के डिस्प्ले शामिल हैं। इंपोर्ट ड्यूटी में यह छूट 31 मार्च 2029 तक लागू रहेगी।


सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडायरेक्ट टैक्सेस एंड कस्टम्स (CBIC) ने एक नोटिफ़िकेशन में लिथियम-आयन बैटरी बनाने के लिए रियायती कस्टम ड्यूटी पाने वाली मशीनरी की लिस्ट को काफी बढ़ा दिया है। नई लिस्ट में अब मैन्युफ़ैक्चरिंग प्रोसेस के सभी चरणों में इस्तेमाल होने वाले 85 तरह के इक्विपमेंट शामिल किए गए हैं। इसमें मटीरियल मिक्सिंग, कोटिंग, प्रेसिंग, स्लिटिंग, वाइंडिंग, स्टैकिंग, इलेक्ट्रोलाइट भरने, वेल्डिंग, टेस्टिंग, एजिंग, इंस्पेक्शन और पैकेजिंग में इस्तेमाल होने वाले इक्विपमेंट शामिल हैं।

सोलर इक्विपमेंट, EPC कंपनियों को राहत

सरकार से सोलर इक्विपमेंट और EPC कंपनियों को भी राहत मिली है। इनके लिए सेल्फ सर्टिफिकेशन की समय सीमा 31 दिसंबर तक बढ़ा दी गई है। यह छूट 200 kW से ज्यादा क्षमता के सोलर PV इन्वर्टर पर लागू होगी। टेस्टिंग लैब्स की कमी के चलते यह फैसला लिया गया है।

सरकार ने मोबाइल फोन के लिए वायरलेस चार्जिंग इंडक्टर कॉइल मॉड्यूल बनाने में इस्तेमाल होने वाले छह कंपोनेंट्स पर रियायती कस्टम ड्यूटी भी दी है। इनमें नैनो-क्रिस्टलाइन असेंबली, ई-शील्ड, PET लाइनर, PC शिम, कॉइल और नियोडिमियम मैग्नेट शामिल हैं। ये कदम घरेलू इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग को मज़बूत करने और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी व एडवांस्ड इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए सप्लाई चेन बनाने की सरकार की बड़ी कोशिश का हिस्सा हैं।

सरकार के इस कदम से लिथियम-आयन बैटरी मैन्युफैक्चरिंग, ऑटोमोटिव इलेक्ट्रॉनिक्स और एडवांस्ड इलेक्ट्रॉनिक्स असेंबली में निवेश को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।

 

Ather Energy share Price : 1 साल में 275% से ज्यादा रिटर्न देने वाला यह स्टॉक नोमुरा की टॉप EV पिक में बरकरार, 2.5% से ज्यादा भागा शेयर

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।