UPI से मिलेगा PF का पैसा, EPFO की सुविधा शुरू होने से पहले कर लें ये 5 जरूरी काम
EPFO जल्द ही UPI के जरिए PF निकालने की सुविधा शुरू कर सकता है। लेकिन इसका फायदा तभी मिलेगा, जब आपके रिकॉर्ड पूरी तरह अपडेट हों। ऐसे में ये 5 जरूरी काम अभी निपटा लेना बेहतर रहेगा।
UPI के जरिए PF निकालने की सुविधा कर्मचारियों के लिए बड़ा बदलाव साबित हो सकती है।
UPI PF Transfer: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) जल्द ही कर्मचारियों को UPI के जरिए PF निकालने की सुविधा देने जा रहा है। केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मांडविया ने इसकी जानकारी दी है। EPFO 3.0 के तहत सदस्य अपने UPI से जुड़े बैंक खाते में सीधे PF की रकम ट्रांसफर कर सकेंगे। इस सुविधा की टेस्टिंग भी पूरी हो चुकी है।
EPFO पहले ही 5 लाख रुपये तक के पात्र दावों के लिए ऑटो सेटलमेंट जैसी व्यवस्था लागू कर चुका है। ऐसे में PF निकालने की प्रक्रिया पहले से ज्यादा तेज हो सकती है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि अगर रिकॉर्ड में कोई गलती है तो नई सुविधा का पूरा फायदा नहीं मिल पाएगा। कई बार PF निकालने में देरी नियमों की वजह से नहीं, बल्कि आधार, बैंक खाता, मोबाइल नंबर या नौकरी के रिकॉर्ड में गड़बड़ी की वजह से होती है।
UAN सक्रिय है या नहीं, जरूर जांच लें
UPI के जरिए PF ट्रांसफर शुरू होने से पहले कर्मचारियों को यह सुनिश्चित कर लेना चाहिए कि उनका Universal Account Number (UAN) एक्टिव है। अगर UAN एक्टिव नहीं है तो PF सेवाओं, KYC सत्यापन, निकासी और नई डिजिटल सुविधाओं का इस्तेमाल करने में परेशानी आ सकती है।
अगर पासवर्ड भूल गए हैं या रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर बदल गया है तो उसे अभी अपडेट कर लेना बेहतर होगा। जरूरत पड़ने पर PF निकालते समय ऐसी छोटी समस्याएं बड़ी परेशानी बन सकती हैं।
ये डिटेल भी दुरुस्त होनी चाहिए
PF दावों में सबसे ज्यादा दिक्कत नाम, जन्मतिथि या अन्य व्यक्तिगत जानकारी में अंतर की वजह से आती है। EPFO के रिकॉर्ड में दर्ज नाम, जन्मतिथि और लिंग की जानकारी आधार कार्ड से मेल खानी चाहिए।
इसके साथ ही आधार और PAN दोनों UAN से जुड़े और सत्यापित होने चाहिए। PAN सत्यापित नहीं होने पर टैक्स योग्य PF निकासी पर ज्यादा TDS कट सकता है। डिजिटल सत्यापन में भी दिक्कत आ सकती है।
बैंक खाते की जानकारी सही रखें
UPI आधारित निकासी में बैंक खाते की जानकारी सबसे महत्वपूर्ण होगी। EPFO पोर्टल पर दर्ज बैंक खाता संख्या, IFSC कोड और खाताधारक का नाम सही होना चाहिए।
अगर बैंक खाता बंद हो चुका है, गलत है या नाम में अंतर है तो भुगतान अटक सकता है। कर्मचारियों को यह भी देख लेना चाहिए कि उनकी UPI आईडी सक्रिय है, सही बैंक खाते से जुड़ी है और KYC या किसी अन्य वजह से ब्लॉक नहीं है।
मोबाइल नंबर अपडेट होना जरूरी
UPI से जुड़े लेनदेन में OTP के जरिए पहचान सत्यापित होने की संभावना है। इसलिए आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर, UAN में दर्ज मोबाइल नंबर और UPI से जुड़ा मोबाइल नंबर सक्रिय होना चाहिए।
जहां तक मुमकिन हो, इन सभी रिकॉर्ड में एक ही मोबाइल नंबर होना बेहतर माना जाता है। इससे सत्यापन प्रक्रिया आसान और तेज हो जाती है।
नौकरी का रिकॉर्ड और नॉमिनी भी जांच लें
कर्मचारियों को अपने EPF खाते में दर्ज नौकरी का पूरा रिकॉर्ड भी एक बार जांच लेना चाहिए। कई बार नौकरी छोड़ने की तारीख अपडेट नहीं होती, पुराने PF खाते जुड़े नहीं होते या एक से ज्यादा PF खाते बने रहते हैं। ऐसी स्थिति में दावा निपटाने में देरी हो सकती है।
इसके अलावा e-Nomination भी अपडेट होना चाहिए। अगर नॉमिनी की जानकारी पुरानी या अधूरी है तो किसी आपात स्थिति में दावा प्रक्रिया जटिल हो सकती है। शादी, परिवार में नए सदस्य के जुड़ने या आश्रितों में बदलाव होने पर नॉमिनी की जानकारी तुरंत अपडेट कर देना चाहिए।
अभी रिकॉर्ड ठीक करना क्यों जरूरी?
UPI के जरिए PF निकालने की सुविधा कर्मचारियों के लिए बड़ा बदलाव साबित हो सकती है। इससे PF का पैसा पहले के मुकाबले ज्यादा तेजी से खाते में पहुंच सकेगा। लेकिन तकनीक केवल सही रिकॉर्ड वाले दावों को तेजी से निपटा सकती है, गलत जानकारी को अपने आप ठीक नहीं कर सकती।
इसलिए PF की जरूरत पड़ने से पहले आधार, PAN, बैंक खाता, मोबाइल नंबर, UAN, नौकरी का रिकॉर्ड और नॉमिनी जैसी जानकारियां अपडेट कर लेना समझदारी होगी। पूरी तरह सत्यापित और अपडेट खाते वाले कर्मचारियों को नई UPI सुविधा का सबसे ज्यादा फायदा मिलने की उम्मीद है।