अगर आपके हेल्थ इंश्योरेंस के रिन्युअल का वक्त नजदीक आ रहा है तो आप मल्टी-ईयर पॉलिसी पर विचार कर सकते हैं। इसके लिए सिंगल प्रीमियम ही पे करना होगा। ये पॉलिसी आपके लिए ज्यादा फायदेमंद होंगे क्योंकि फिलहाल ज्यादातर कंपनियां इस पर डिस्काउंट ऑफर कर रही हैं। साथ ही आपको एक रेट में मल्टीपल ईयर्स के लिए हेल्थ इंश्योरेंस मिल जाएगा। बस इसकी शर्त इतनी है कि आपकी उम्र स्लैब के दायरे में हो।
लेकिन क्या मल्टी ईयर पॉलिसी के लिए सिंगल प्रीमियम देने पर इनकम टैक्स की धारा 80 D के तहत टैक्स छूट का फायदा मिलेगा?
इनकम टैक्स के नियमों के मुताबिक, आप पॉलिसी टर्म में आनुपातिक आधार पर टैक्स छूट का फायदा ले सकते हैं।
इनकम टैक्स के सेक्शन 80 D के मुताबिक, कोई शख्स अपने, पत्नी/पति और बच्चों के हेल्थ बीमा पर सालाना 25,000 रुपए का टैक्स छूट क्लेम कर सकते हैं। इसके अलावा पेरेंट्स के हेल्थ बीमा पर 25,000 रुपए का अतिरिक्त कर छूट मिलेगा।
अगर पेरेंट्स सीनियर सिटिजंस हैं तो पेरेंट्स के हेल्थ बीमा पर 50,000 रुपए का कर छूट मिलेगा। इस तरह 80D के तहत कुल मिलाकर 75,000 रुपए पर टैक्स छूट मिलेगा।
कैसे अनुपात के हिसाब से क्लेम करें?
मान लीजिए पति-पत्नी और दो बच्चों के हेल्थ बीमा का प्रीमियम 25,000 रुपए सालाना है। इस हिसाब से दो साल के लिए कुल प्रीमियम 50,000 रुपए है। यहां मान कर चल रहे हैं कि प्रीमियम में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई है।
अगर बीमा कंपनी आपको 7.5 फीसदी का डिस्काउंट देती है आपको दो साल के लिए सिर्फ 46,250 रुपए ही प्रीमियम चुकाना होगा। अगर प्रीमियम बढ़ता है तो प्रीमियम भी उसके हिसाब से कैलकुलेट होगा।
ऐसे में अगर आप टैक्स डिडक्शन का फायदा लेना चाहते हैं तो 50% रकम यानी 23,125 रुपए पर टैक्स क्लेम कर सकते हैं। बीमा कंपनी एक सर्टिफिकेट जारी करती है जिसमें यह लिखा रहता है कि हर साल प्रीमियम का भुगतान कितन होगा।
