कोरोनावायरस (Coronavirus) के बेहद संक्रामक ओमीक्रोन वेरिएंट (Omicron Variant) के बढ़ते मामलों और मुद्रास्फीति के ऊंचे स्तर के बीच, NSC और PPF समेत छोटी बचत योजनाओं (Small Saving Schemes) पर ब्याज दरों में शुक्रवार को 2021-22 की चौथी तिमाही के लिए कोई बदलाव नहीं किया गया है। पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) और नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट (NSC) पर चौथी तिमाही में भी क्रमशः 7.1% और 6.8% की सालाना ब्याज दर जारी रहेगी।
यह फैसला पांच राज्यों- उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हिमाचल प्रदेश और गोवा में आगामी विधानसभा चुनावों से पहले आया है। चुनाव के कार्यक्रम की घोषणा अगले महीने की शुरुआत में होने की संभावना है।
वित्त मंत्रालय ने एक नोटिफिकेशन में कहा, "वित्त वर्ष 2021-22 की चौथी तिमाही (एक जनवरी, 2022 से शुरू होकर 31 मार्च, 2022 को खत्म होने वाली) के लिए अलग-अलग छोटी बचत योजनाओं पर ब्याज दरें तीसरी तिमाही (1 अक्टूबर, 2021 से 31 दिसंबर, 2021) के लिए लागू वर्तमान दरों के समान रहेंगी।"
विश्लेषकों के मुताबिक, सरकार ने पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव को देखते हुए दरों को बरकरार रखा है। पश्चिम बंगाल के बाद उत्तर प्रदेश छोटी बचत योजना में दूसरा सबसे बड़ा योगदानकर्ता है।
इस साल की शुरुआत में पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दौरान केंद्र ने ब्याज दर घटाने का फैसला किया था, लेकिन वित्त मंत्रालय ने चूक का हवाला देते हुए छोटी बचत योजनाओं पर पहली तिमाही के लिए 1.1 प्रतिशत तक की ब्याज दर में कटौती को तुरंत रद्द कर दिया।
नतीजतन, चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही की दरों को पिछले वित्त वर्ष की चौथी तिमाही के स्तर पर बरकरार रखा गया था। उस कटौती को कई दशकों में सबसे तेज कटौती के रूप में देखा गया था। छोटी बचत योजनाओं के लिए ब्याज दरें तिमाही आधार पर तय की जाती हैं।
एक साल की फिक्सड डिपॉजिट योजना पर चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही के दौरान की 5.5 प्रतिशत की ब्याज दर जारी रहेगी, जबकि बालिका बचत योजना सुकन्या समृद्धि योजना पर ब्याज दर 7.6 प्रतिशत रहेगी।
पांच साल की वरिष्ठ नागरिक बचत योजना पर ब्याज दर 7.4 प्रतिशत पर बरकरार रहेगी। वरिष्ठ नागरिकों की योजना पर ब्याज का भुगतान त्रैमासिक आधार पर किया जाता है। बचत जमा पर ब्याज दर चार प्रतिशत सालाना बनी रहेगी।
एक से पांच साल की FD पर 5.5-6.7 प्रतिशत की दर से ब्याज मिलेगा, जिसका भुगतान तिमाही आधार पर होगा। जबकि पांच साल की आवर्ती जमा (रेकिरंग डिपॉजिट) पर ब्याज दर 5.8 प्रतिशत रहेगी।