RBI गोल्ड लोन कंपनियों के लिए जल्द गाइडलाइंस जारी करेगा, कानूनगो कमेटी की सिफारिशें गाइडलाइंस में शामिल होंगी

आरबीआई के पूर्व डिप्टी गवर्नर बीपी कानूनगो कमेटी ने कस्टमर सर्विस स्टैंडर्ड्स को बेहतर बनाने के लिए कुछ सिफारिशें की हैं। कानूनगो की अगुवाई में आरबीआई ने इस कमेटी की स्थापना मई 2022 में की थी। इस कमेटी को कस्टमर्स के हितों को ध्यान में रख रेगुलेटेड एनटिटीज में कस्टमर सर्विसेज की समीक्षा करने को भी कहा गया था

अपडेटेड Jun 08, 2023 पर 7:19 PM

RBI जल्द गोल्ड लोन कंपनियों (Gold loan companies) के लिए गाइडलाइंस जारी कर सकता है। इसमें गोल्ड लोन ले चुके किसी ग्राहक की मौत की स्थिति में बकाया कर्ज के सेटलमेंट, स्थानीय भाषा में इसकी जानकारी देने से संबंधित नियम और गोल्ड की नीलामी के बाद सरप्लस अमाउंट के रिफंड के लिए दिशानिर्देश होंगे। गोल्ड फाइनेंस कंपनी Rupeek के प्रवक्ता ने बताया कि हम लोन देने वाली कई संस्थाओं से मिलकर काम करते हैं। हमें उनकी पॉलिसी के हिसाब से काम करना होता है। उन्होंने कहा कि बीपी कानूनगो समिति की कस्टमर सर्विस स्टैंडर्ड्स की रिपोर्ट बहुत अच्छी है। इससे पॉलिसी में एकरूपता आएगी और इंडस्ट्री से जुड़े सभी पक्षों का भरोसा बढ़ेगा।

मई 2022 में हुई थी कानूनगो कमेटी की स्थापना

आरबीआई के पूर्व डिप्टी गवर्नर बीपी कानूनगो कमेटी ने कस्टमर सर्विस स्टैंडर्ड्स को बेहतर बनाने के लिए कुछ सिफारिशें की हैं। कानूनगो की अगुवाई में आरबीआई ने इस कमेटी की स्थापना मई 2022 में की थी। इस कमेटी को कस्टमर्स के हितों को ध्यान में रख रेगुलेटेड एनटिटीज में कस्टमर सर्विसेज की समीक्षा करने को भी कहा गया था। इसमें एक प्रस्ताव गोल्ड लोन कंपनियों के लोन और एडवान्सेज पर है। आरबीआई ने इस प्रस्ताव के बारे में लोगों से राय मांगी है। राय 7 जुलाई तक भेजी जा सकती है।


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ग्राहक की मौत की स्थिति में इन नियमों का प्रस्ताव

कानूनगो समिति की सिफारिशों में कहा गया है कि अगर गोल्ड लोन लेने वाले (borrower) की मौत हो जाती है तो नॉमिनी या कानूनी वारिस को एक नोटिस भेजा जाएगा। इसमें लोन के बकाया अमाउंट के सेटलमेंट के लिए कहा जाएगा। गिरवी रखे गए गोल्ड की नीलामी की स्थिति में इस नोटिस को रिकॉर्ड में रखा जाएगा। इसके लिए गोल्ड लोन देने वाली कंपनी के लिए जरूरी है कि वह लोन देने से पहले नॉमिनी का रजिस्ट्रेशन जरूर कराए।

ग्राहक के नॉमिनी के रजिस्ट्रेशन को अनिवार्य बनाने की जरूरत

GoldUno के पूर्व सीईओ शरद इंगुले ने कहा कि हालांकि मैं लोन रिकवरी प्रोसेस की जरूरत को समझता हूं, लेकिन मेरा मानना है कि बॉरोअर के कीमती एसेट की सुरक्षा के लिए उपाय किए जाने चाहिए। नॉमिनी या कानूनी वारिस का रजिस्ट्रेशन एक सही कदम होगा। कानूनगो कमेटी ने उन स्थितियों के बारे में भी बताया है जिसमें गोल्ड की नीलामी जरूरी होगी। इसमें कहा गया है कि नॉमिनी को नोटिस भेजा गोल्ड लोन कंपनी के फेयर कोड प्रैक्टिसेज का हिस्सा होना चाहिए।

स्थानीय भाषा में ग्राहक को नियम और शर्तों की जानकारी 

इंगुले ने कहा कि अल्टरनेट कॉन्टैक्ट नंबर को भी रजिस्टर कराना जरूरी होना चाहिए। ऑक्शन नोटिस भेजने के लिए टेलीफोन, मैसेजेज और ईमेल जैसे माध्यमों का इस्तेमाल किया जा सकता है। रेगुलेटेड एंटिटी (RE) को गोल्ड की नीलामी से पहले एकनॉलेजमेंट रिसीट को रिकॉर्ड के रूप में रखना होगा। गोल्ड लोन लेने वाले ज्यादातर ग्राहक मध्यम और निम्न आय वर्ग के होते हैं। इसमें ग्रामीण इलाकों के ग्राहकों की भी अच्छी हिस्सेदारी है। इसलिए कानूनगो समिति ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि गोल्ड लोन कंपनी को ग्राहकों को स्थानीय भाषा में लोन के नियम और शर्तों के बारे में जानकारी देनी चाहिए।

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