Facebook and Instagram: हाल के दिनों में सैकड़ों फेसबुक और इंस्टाग्राम यूजर्स के अकाउंट बैन हो गए है। कई यूजर्स के मुताबिक ये बैन बिना किसी वैलिड रिजन के हुए है फिर भी उन्हें एक्टिवेट कराने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। दरअसल पिछले हफ्ते मेटा ने एक 'टेक्निकल ग्लिच' की बात स्वीकार की थी जिसके बारे में उसने कहा था कि यह कुछ फेसबुक ग्रुप्स बैन के होने का कारण बना। हालांकि इससे हजारों आम लोगों के अकाउंट भी बैन हो गए है। लोगों ने बीबीसी से संपर्क करके मनमाने ढंग से अपने अकाउंट बैन होने की शिकायत की है।
कुछ लोगों का कहना है कि उन्हें उन ग्रुप्स से बाहर कर दिया गया है जो उनके डेली लाइफ के लिए महत्वपूर्ण हैं, जबकि कई लोगों के अकाउंट से उनके फ्रेंड्स गायब हो गए है। इसके अलावा लोगों में इस बात की भी निराशा है कि मेटा द्वारा समस्या को ठीक करने की बात कहने के बावजूद लोगों के पास किसी व्यक्ति से बात करके अपनी शिकायत दर्ज करने के लिए कोई कस्टमर सर्विस नहीं है।
'25000 से ज्यादा लोगों ने पेटीशन पर किया साइन'
लोगों ने यह भी बताया है कि कई इंस्टाग्राम अकाउंट भी प्रभावित हुए हैं, जबकि मेटा का कहना है कि उसके पास अपने प्लेटफॉर्म पर व्यापक रूप से किसी समस्या का कोई सबूत नहीं है। पिछले कुछ हफ्तों में 25,000 से अधिक लोगों ने एक ऑनलाइन पेटीशन पर हस्ताक्षर किए हैं जिसमें कहा गया है कि समस्या फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप तीनों पर एक्सपीरियंस की जा रही है। हजारों लोग इस मामले पर सोशल मीडिया साइट रेडिट पर पोस्ट कर रहे हैं।
AI से चल रहा है पूरा सिस्टम!
मेटा की मॉडरेशन नीतियों और उसकी कस्टमर सर्विस से निराश एक व्यक्ति सैम टॉल ने बताया कि उन्हें पिछले हफ्ते पता चला कि उनका इंस्टाग्राम पेज 'सामुदायिक मानकों' का उल्लंघन करने के लिए सस्पेंड कर दिया गया था। इसके लिए उन्होंने अपील करने का फैसला किया जो दो मिनट बाद खारिज कर दिया गया। इससे सैम को संदेह हुआ कि प्रक्रिया पूरी तरह से AI द्वारा संचालित थी। हालांकि मेटा ने 'टेक्निकल ग्लिच' की बात स्वीकारी है लेकिन कंपनी ने इतने बड़े स्तर पर होने वाली समस्या को लेकर कोई बात नहीं कही है। लोगों के अकाउंट सस्पेन्ड है और वो प्रेषण हो रहे है।
सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स पर इसका सबसे ज्यादा असर हुआ है क्योंकि वो पूरी तरह से प्लेटफॉर्म और अपने अकाउंट पर आश्रित है। बैन लग जाने के बाद उनके इनकम का श्रोत बंद हो गया है जिससे उन्हें बड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।