सोशल मीडिया पर वायरल ये इंस्टा रील लोगों का ध्यान तेजी से खींच रही है, जिसमें एक ई-रिक्शा ड्राइवर बीच सड़क पर अचानक वाहन बंद होने के बाद परेशान और भावुक नजर आता है। ये छोटा-सा वीडियो अब बड़ी बहस का कारण बन चुका है, क्योंकि इसमें मजाक के नाम पर एक मेहनत करने वाले ड्राइवर की रोजी-रोटी पर असर पड़ता दिख रहा है। कई यूजर्स इसे सिर्फ प्रैंक नहीं, बल्कि गंभीर लापरवाही मान रहे हैं, जो सड़क पर खतरनाक स्थिति भी पैदा कर सकती है। यही वजह है कि यह रील सोशल मीडिया पर लगातार शेयर की जा रही है और लोग इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल इस इंस्टा रील में एक ई-रिक्शा ड्राइवर का दर्द साफ झलकता है, जो बीच सड़क पर अचानक अपना वाहन बंद होने से परेशान है। एक बाइक सवार युवक उसके पास आकर पूछता है, “अंकल आप रो क्यों रहे हो…”, जिस पर ड्राइवर बताता है कि किसी ने उसके चीनी ऐप से उसकी तिर्री बंद कर दी, जिससे उसकी रोज़ी-रोटी और आज की कमाई का नुकसान हो गया। यह वीडियो लोगों के बीच चिंता और गुस्से का कारण बन गया है क्योंकि इसमें “प्रैंक” के नाम पर ड्राइवर की कमाई और सुरक्षा दोनों से खिलवाड़ होता दिख रहा है।
वायरल वीडियो में दावा किया जा रहा है कि कुछ लोग एक मोबाइल ऐप के जरिए ई-रिक्शा को बीच सड़क पर रोक देते हैं। यह सब “मजाक” या प्रैंक के नाम पर किया जा रहा है, लेकिन इसका असर ड्राइवर की रोजी-रोटी पर पड़ रहा है। कई लोग इसे खतरनाक और गैर-जिम्मेदाराना हरकत बता रहे हैं।
BAT-BMS एक असली बैटरी मैनेजमेंट ऐप है, जिसे Shenzhen Grenergy Technology ने बनाया है। इसका काम बैटरी की चार्जिंग, वोल्टेज, तापमान और हेल्थ को मॉनिटर करना होता है। ये आमतौर पर बैटरी सिस्टम को सुरक्षित रखने के लिए इस्तेमाल किया जाता है, न कि किसी वाहन को रोकने के लिए।
कैसे किया जा रहा है “प्रैंक”?
वायरल क्लिप्स में लोग ई-रिक्शा के पास जाकर Bluetooth के जरिए बैटरी सिस्टम से कनेक्ट करते हैं। कुछ ही सेकंड में वाहन की पावर बंद हो जाती है। यह कोई बड़ा हैक नहीं है, बल्कि उन बैटरी सिस्टम की कमजोरी का फायदा है जिनमें सुरक्षा पासवर्ड नहीं होता।
कौन से वाहन हैं ज्यादा खतरे में?
यह समस्या हर ई-रिक्शा में नहीं होती। खतरा केवल उन्हीं वाहनों में है जिनमें:
पुराने lead-acid बैटरी वाले ई-रिक्शा इस समस्या से सुरक्षित रहते हैं।
ड्राइवरों पर असर और बढ़ता खतरा
इस तरह के प्रैंक से ई-रिक्शा ड्राइवर बीच सड़क पर फंस जाते हैं, जिससे उनकी कमाई रुक जाती है और ट्रैफिक में भी खतरा पैदा होता है। यह सिर्फ मजाक नहीं बल्कि एक गंभीर सुरक्षा और आर्थिक समस्या बनता जा रहा है।
जिम्मेदारी और जरूरी सुधार
इस पूरे मामले में जिम्मेदारी कंपनियों और डीलरों की है। जरूरी है कि बैटरी सिस्टम को मजबूत पासवर्ड और सिक्योरिटी फीचर्स के साथ बेचा जाए, ताकि ऐसे गलत इस्तेमाल को रोका जा सके और ड्राइवरों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।