भारत में घरेलू पैसेंजर व्हीकल की बिक्री अगस्त 2025 में पिछले साल इसी महीने की तुलना में 8.8% घटकर 3.22 लाख इकाई रह गई, जिसका मुख्य कारण पैसेंजर व्हीकल्स निर्माताओं द्वारा डिस्पैच में बदलाव था। Society of Indian Automobile Manufacturers (SIAM) ने एक बयान में कहा कि दोपहिया वाहनों की डिस्पैच में 7.1% की वृद्धि हुई, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में यह 18.34 लाख यूनिट थी।
अगस्त 2025 में पैसेंजर व्हीकल, थ्री व्हीलर, टू व्हीलर और क्वाड्रिसाइकिल का कुल प्रोडक्शन 26,93,049 यूनिट था। SIAM के महानिदेशक राजेश मेनन ने एक बयान में कहा कि थ्री व्हीलर की बिक्री अगस्त 2025 में अब तक की सबसे ज्यादा 0.76 लाख यूनिट रही, जो अगस्त 2024 की तुलना में 8.3% अधिक है।
SIAM के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त 2025 में स्कूटरों की बिक्री 6,83,397 यूनिट रही, जो अगस्त 2024 में 6,06,250 यूनिट की तुलना में 12.7% अधिक है।
वहीं, मोपेड की बिक्री पिछले महीने, पिछले साल की समान अवधि की तुलना में साल-दर-साल 1.3% घटकर 43,886 यूनिट रह गई। जुलाई में डीलरों को मोटरसाइकिलों की आपूर्ति साल-दर-साल 4.3% बढ़कर 11,06,638 यूनिट हो गई।
SIAM के डायरेक्टर जनरल ने कहा, "वाहनों पर जीएसटी दरों को कम करने का भारत सरकार का ऐतिहासिक निर्णय गतिशीलता तक व्यापक पहुंच को सक्षम बनाने और आगामी त्योहारी सीजन में भारतीय ऑटोमोटिव क्षेत्र में नई गति लाने में एक लंबा रास्ता तय करेगा।"
उन्होंने कहा, नए जीएसटी सुधार के अनुसार, पेट्रोल और पेट्रोल हाइब्रिड, लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) और कंप्रेस्ड नेचुरल गैस (सीएनजी) से चलने वाली कारों (1,200 सीसी और 4,000 मिमी से अधिक नहीं) पर जीएसटी की दर 56वीं बैठक में 28% से घटाकर 18% कर दी जाएगी। सभी दरें 22 सितंबर, नवरात्रि के पहले दिन से लागू होंगी।
बता दें कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता वाली जीएसटी परिषद ने घोषणा की थी कि छोटी इलेक्ट्रिक कारों, इलेक्ट्रिक एसयूवी और लग्जरी इलेक्ट्रिक कारों पर जीएसटी की दर 5% ही रहेगी। जबकि, सभी ऑटोमोबाइल पार्ट्स पर समान टैक्स रेट 18% लागू होगा।