Get App

Bihar News: वक्फ मुद्दे पर JDU में उथल-पुथल! CM नीतीश कुमार के रुख से नाराज दो दिग्गज नेताओं ने दिया इस्तीफा

Bihar News: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (JDU) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने दावा किया कि न तो पूर्वी चंपारण के रहने वाले मोहम्मद कासिम अंसारी और न ही जमुई निवासी नवाज मलिक पार्टी के पदाधिकारी हैं। दोनों नेताओं ने वक्फ (संशोधन) विधेयक का समर्थन करने के पार्टी के रुख की गुरुवार को आलोचना की। उन्होंने पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा भी दे दिया

Akhilesh Nath Tripathiअपडेटेड Apr 04, 2025 पर 10:40 AM
Bihar News: वक्फ मुद्दे पर JDU में उथल-पुथल! CM नीतीश कुमार के रुख से नाराज दो दिग्गज नेताओं ने दिया इस्तीफा
Waqf Amendment Bill: कासिम अंसारी ने कहा कि वक्फ बिल का सपोर्ट कर JDU ने लाखों भारतीय मुसलमानों का भरोसा तोड़ दिया है। (FILE PHOTO- PTI)

Bihar News: बिहार में इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले दो प्रमुख नेताओं ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (JDU) से अपने 'इस्तीफे' की घोषणा कर दी है। केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की तरफ से लाए गए वक्फ (संशोधन) विधेयक को पार्टी के समर्थन पर दोनों नेताओं ने असंतोष व्यक्त किया। वक्फ बिल को संसद के दोनों सदनों से मंजूरी मिल गई है। JDU के वरिष्ठ नेता होने का दावा करने वाले मोहम्मद कासिम अंसारी और बिहार के JDU अल्पसंख्यक प्रदेश सचिव मोहम्मद नवाज मलिक ने सीएम नीतीश कुमार को अलग-अलग पत्र लिखकर अपने पदों से इस्तीफा दे दिया।

पत्रों में उन्होंने कहा कि मुसलमानों को अब पार्टी पर भरोसा नहीं है, जिसके बारे में पहले उनका मानना ​​था कि यह धर्मनिरपेक्ष मार्ग पर चलती है। इस घटनाक्रम पर JDU के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने दावा किया कि न तो पूर्वी चंपारण के रहने वाले मोहम्मद कासिम अंसारी और न ही जमुई निवासी नवाज मलिक पार्टी के पदाधिकारी हैं। पूर्वी चंपारण में JDU के मेडिकल सेल के चेयरमैन होने का दावा करने वाले मोहम्मद कासिम अंसारी ने वक्फ (संशोधन) विधेयक का समर्थन करने के पार्टी के रुख की गुरुवार को आलोचना की। उन्होंने पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा भी दे दिया।

JDU अध्यक्ष और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लिखे पत्र में अंसारी ने गहरी निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि पार्टी के रुख ने उन लाखों भारतीय मुसलमानों का भरोसा तोड़ दिया है, जो मानते थे कि जनता दल यूनाइडेट धर्मनिरपेक्ष मूल्यों को कायम रखेगा। पत्र में अंसारी ने कहा, "हमारे जैसे लाखों भारतीय मुसलमानों को धर्मनिरपेक्ष विचारधारा के एक सच्चे ध्वजवाहक के रूप में आप (नीतीश) पर अटूट विश्वास था। हालांकि, अब यह विश्वास टूट गया है। वक्फ संशोधन विधेयक पर JDU द्वारा अपनाए गए रुख से लाखों समर्पित भारतीय मुसलमानों और कार्यकर्ताओं को गहरा सदमा लगा है।"

उन्होंने कहा, "हम ललन सिंह द्वारा लोकसभा में दिए गए भाषण और इस विधेयक के समर्थन को लेकर बेहद निराश हैं।" इसी तरह, मलिक ने खुद को JDU के अल्पसंख्यक सेल का सचिव बताया। उन्होंने अपने पत्र में आरोप लगाया कि "मुसलमान और हमारे जैसे कार्यकर्ता वक्फ विधेयक के मुद्दे पर JDU के रुख से स्तब्ध हैं।’’ इस बीच, जब अंसारी के बारे में पूछा गया तो JDU के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने दावा किया कि कोई भी उन्हें नहीं जानता।

सब समाचार

+ और भी पढ़ें