बॉलीवुड के किंग शाहरुख खान का काम के प्रति जुनून फिर से सुर्खियों में है। वेटरन एक्टर गोविंद नामदेव ने हालिया इंटरव्यू में खुलासा किया कि SRK रीढ़ की हड्डी की गंभीर दिक्कत के बावजूद 20-24 घंटे बिना रुके काम करते हैं। 'फिर भी दिल है हिंदुस्तानी' में साथ काम कर चुके गोविंद ने उन्हें 'चिमनी की तरह सिगरेट पीते हुए सोचते रहने वाला' कामकाजी बताया।
द लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू में गोविंद ने कहा, 'एक ही बंदा है जो 24 घंटे काम करता है। सोना भी 3-4 घंटे, उसी में एक्सरसाइज, डायलॉग याद करना, उद्घाटन और परफॉर्मेंस सब निपटा देते हैं। मैं हैरान हो गया कि ये कैसा आदमी है।' उन्होंने बताया कि शाहरुख को स्पाइनल कॉर्ड में पुरानी समस्या है। सेट पर फिजिकल दर्द झेलते हुए भी वे कभी शिकायत नहीं करते। गोविंद ने इसे प्रोफेशनल डिसिप्लिन की मिसाल बताया।
गोविंद ने शाहरुख के साथ 'फिर भी दिल है हिंदुस्तानी' के सेट से यादें ताजा कीं। दिनभर शूटिंग के बाद रात में टीम संग खाना खाते, घुलमिल जाते थे। सुपरस्टार होते हुए भी कोई एटिट्यूड या नखरे नहीं है। बस काम की धुन में डूबे रहते। गोविंद बोले, 'वर्कहॉलिक्स के बारे में सुना था, लेकिन SRK को देखकर पहली बार यकीन हुआ।' अक्षय कुमार की भी तारीफ की, लेकिन शाहरुख का रूटीन सबसे हैरान करने वाला है।
शाहरुख का यह जुनून फैंस को इंस्पायर करता है। वे खुद कह चुके हैं कि लंबे ब्रेक उनकी मेंटल हेल्थ बिगाड़ देते हैं। अभी 'किंग' फिल्म में एक्शन करते नजर आएंगे। गोविंद जैसे सीनियर्स की यह तारीफ SRK के 30+ साल के करियर की मिसाल है। फैंस सोशल मीडिया पर लिख रहे, 'किंग खान असली हीरो!' यह किस्सा बॉलीवुड के काम की संस्कृति को नई परिभाषा देता है।
गोविंद नामदेव ने 2000 की फिल्म *फिर भी दिल है हिंदुस्तानी* का ज़िक्र करते हुए कहा कि उस समय भी शाहरुख की लगन और अनुशासन देखकर वह हैरान रह गए थे। उन्होंने माना कि शाहरुख का यह समर्पण हर कलाकार के लिए प्रेरणा है। शाहरुख खान की यह लगन और मेहनत ही है जिसने उन्हें "किंग खान" बनाया है। फैन्स अक्सर उनकी डेडिकेशन की मिसाल देते हैं और इंडस्ट्री के लोग उन्हें प्रोफेशनलिज़्म का प्रतीक मानते हैं।