भारत के 77वें गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर गृह मंत्रालय ने पद्म पुरस्कार 2026 के प्राप्तकर्ताओं की घोषणा की, जिसमें कुल 131 व्यक्तियों को कला, संगीत, खेल, शिक्षा और सार्वजनिक सेवा जैसे क्षेत्रों में उनके अमूल्य योगदान के लिए सम्मानित किया जाएगा। बॉलीवुड के धुरंधर अभिनेता धर्मेंद्र सिंह देओल को पद्म विभूषण से नवाजा जा रहा है, जो मरणोपरांत है और उनके छह दशकों के सिनेमाई सफर का सच्चा सम्मान है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा राष्ट्रपति भवन में औपचारिक रूप से ये पुरस्कार दिए जाएंगे।
धर्मेंद्र, जिन्हें 'ही-मैन' के नाम से जाना जाता है, ने शोले, धर्मवीर और सूरज जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों से दर्शकों के दिलों पर राज किया है। उनकी मासूमियत भरी रोमांटिक भूमिकाओं से लेकर एक्शन हीरो की धाक तक, हर किरदार में जान फूंक दी। हेमा मालिनी ने ट्वीट कर खुशी जताई कि सरकार ने उनके पति के योगदान को पहचाना, जिससे फैन्स में भावुकता का सैलाब उमड़ पड़ा। पद्म विभूषण असाधारण सेवा का प्रतीक है और उनकी विरासत को अमर कर देगा।
पद्म भूषण श्रेणी में मलयालम सुपरस्टार ममूटी और गायिका अलका याग्निक का नाम चमक रहा है। ममूटी ने 400 से ज्यादा फिल्मों में अपनी बहुमुखी प्रतिभा से मलयालम सिनेमा को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया, जबकि अलका के हम आपके हैं कौन और दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे जैसे गानों ने 90 के दशक को संगीतमय बना दिया। पद्म श्री में आर. माधवन, प्रसेनजित चटर्जी और दिवंगत सतीश शाह शामिल हैं। माधवन की 3 इडियट्स जैसी फिल्मों ने उन्हें चेहरे पर ईमानदारी का चेहरा बनाया, प्रसेनजित ने बंगाली सिनेमा को नया आयाम दिया, तो सतीश शाह का वागले की दुनिया वाला हास्य आज भी हंसाता है।
ये पुरस्कार भारत की सांस्कृतिक विविधता को दर्शाते हैं, जहां सितारे न सिर्फ मनोरंजन देते हैं बल्कि समाज को प्रेरित भी करते हैं। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर ये खबरें देशभक्ति का संचार कर रही हैं।
ये पुरस्कार राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा बाद में आयोजित समारोह में प्रदान किए जाएंगे। पद्म पुरस्कार केवल सम्मान नहीं, बल्कि उन कलाकारों की जीवनभर की मेहनत और जुनून की पहचान हैं, जिन्होंने भारतीय कला और संस्कृति को वैश्विक स्तर पर चमकाया।