Varun Dhawan: बेटी लारा की बीमारी पर छलका वरुण धवन का दर्द, बोले- 'वह ठीक से चल भी नहीं पाती थी'

Varun Dhawan: अभिनेता वरुण धवन ने खुलासा किया है कि उनकी बेटी लारा 'डीडीएच' (कूल्हे की समस्या) से पीड़ित थी, जिसके कारण उसे चलने में दिक्कत होती थी और उसे ढाई महीने तक भारी प्लास्टर (कास्ट) में रहना पड़ा। उन्होंने अभिभावकों को जागरूक करते हुए कहा कि शुरुआती पहचान से इस बीमारी का सफल इलाज संभव है और अब उनकी बेटी ठीक हो रही है।

अपडेटेड Mar 27, 2026 पर 11:08 PM
Story continues below Advertisement

बॉलीवुड अभिनेता वरुण धवन और उनकी पत्नी नताशा दलाल के लिए पिछला कुछ समय काफी चुनौतियों भरा रहा है। साल 2024 में माता-पिता बने इस कपल ने अपनी बेटी का नाम 'लारा' रखा, लेकिन खुशियों के बीच उन्हें एक ऐसी खबर मिली जिसने उन्हें अंदर तक झकझोर दिया। वरुण ने हाल ही में खुलासा किया कि उनकी नन्हीं बेटी DDH (Developmental Dysplasia of the Hip) नाम की एक गंभीर स्थिति से जूझ रही थी।

क्या है DDH और लारा को क्या दिक्कत थी?

एक टॉक शो 'बी अ मैन, यार!' में भावुक होते हुए वरुण धवन ने बताया कि जब लारा डेढ़ साल की थी, तब उन्हें पता चला कि उसका कूल्हा अपने सॉकेट से बाहर खिसक रहा है। वरुण ने अपनी भाषा में समझाते हुए कहा, "इस बीमारी में एक पैर दूसरे से छोटा हो जाता है, जिससे बच्चा लंगड़ाकर चलता है। वह न तो ठीक से चल पा रही थी और न ही दौड़ पा रही थी।" उन्होंने आगे बताया कि अगर इसका सही समय पर इलाज न हो, तो बच्चे को बहुत कम उम्र में अर्थराइटिस (गठिया) और स्लिप डिस्क जैसी गंभीर बीमारियां हो सकती हैं।

ढाई महीने का कड़ा संघर्ष: 'स्पाइका कास्ट' का दर्द


वरुण ने बताया कि लारा को सर्जरी की जरूरत तो नहीं पड़ी, लेकिन उसे एक बेहद कठिन प्रक्रिया से गुजरना पड़ा। डॉक्टरों ने एक प्रोसीजर के जरिए कूल्हे को वापस सही जगह पर बिठाया, लेकिन इसके बाद उसे 'स्पाइका कास्ट' में रखा गया। यह एक ऐसा प्लास्टर होता है जो कमर से लेकर पैरों तक लगा रहता है। वरुण के मुताबिक, ढाई महीने तक अपनी छोटी सी बच्ची को उस भारी कास्ट में देखना दिल दहला देने वाला था। उन्होंने कहा, "उसे एनेस्थीसिया देकर बेहोश करना और फिर उसका कास्ट में जागना देखना बहुत मुश्किल था।" अब लारा का कास्ट उतर चुका है और वह रिकवरी की राह पर है।

माता-पिता के लिए वरुण की खास अपील

वरुण ने यह जानकारी सिर्फ सहानुभूति बटोरने के लिए नहीं, बल्कि जागरूकता फैलाने के लिए साझा की है। उन्होंने कहा कि भारत में कई लोग इस बीमारी के बारे में नहीं जानते। उन्होंने सभी माता-पिता से अपील की है कि: अपने बच्चे के चलने-फिरने के तरीके पर बारीकी से नजर रखें। अगर बच्चा पैर टेढ़ा करके चलता है या एक पैर छोटा-बड़ा लगता है, तो तुरंत पीडियाट्रिशियन (बाल रोग विशेषज्ञ) से सलाह लें।

एक पिता के रूप में वरुण का बदलाव

वरुण ने बताया कि 'गर्ल डैड' बनने के बाद वे काफी भावुक और नरम हो गए हैं। वे अपनी बेटी के लिए कुछ भी करने को तैयार हैं और इस पूरे अनुभव पर एक किताब भी लिखना चाहते हैं ताकि दूसरे माता-पिता की मदद हो सके।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।