Raghav Chadha News: आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने चर्चित राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को उच्च सदन में उपनेता के पद से हटा दिया है। इतना ही नहीं उन्हें राज्यसभा में बोलने का समय देने से भी इनकार कर दिया है। आम आदमी पार्टी की तरफ से अब राघव चड्ढा की जगह राज्यसभा में अशोक मित्तल को नया उपनेता नियुक्त किया गया है। गुरुवार (2 अप्रैल) को राज्यसभा सचिवालय को लिखे एक पत्र में यह जानकारी दी गई है।
AAP सूत्रों ने पीटीआई को बताया कि आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा सचिवालय को सूचित किया है कि सांसद राघव चड्ढा को संसद में बोलने के लिए समय आवंटित न किया जाए। इसके अलावा, आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा सचिवालय को एक पत्र सौंपकर सांसद अशोक मित्तल को उच्च सदन में पार्टी का उपनेता नियुक्त करने का आग्रह किया है।
मित्तल अब सांसद राघव चड्ढा की जगह लेंगे। इससे पहले पिछले हफ्ते दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल की अगुवाई वाली AAP ने आगामी विधानसभा चुनावों के लिए अपने स्टार प्रचारकों की लिस्ट से राघव चड्ढा को हटा दिया था। इस फैसले से पंजाब में सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) के भीतर अंदरूनी कलह के संकेत मिल रहे हैं।
राज्यसभा में फिलहाल AAP के 10 सदस्य हैं, जिनमें से सात पंजाब से और तीन दिल्ली से हैं। हाल के दिनों में 2025 के दिल्ली चुनावों में AAP की हार के बाद से राघव चड्ढा ने खुद को पार्टी के एजेंडे या नेताओं से काफी हद तक दूर कर लिया है। इसके बजाय वह लगातार सार्वजनिक हित से जुड़े मुद्दों जैसे कि 'पेड पैटरनिटी लीव' और एयरपोर्ट पर खाने-पीने की ऊंची कीमतें पर अपना ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।
उन्होंने संसद में 'गिग वर्कर्स' के अधिकारों की सुरक्षा और भारत के बड़े शहरों में बिगड़ती ट्रैफिक की स्थिति जैसे मुद्दे भी उठाए। AAP के मुख्य मुद्दों पर उनकी चुप्पी से उनके पार्टी छोड़ने की अफवाहें फैल गई थीं। खासकर तब जब उन्हें असम के लिए पार्टी के स्टार प्रचारकों की लिस्ट से बाहर कर दिया गया।
फिलहाल, आम आदमी पार्टी ने इस फैसले के पीछे का कारण आधिकारिक तौर पर नहीं बताया है। मीडिया रिपोर्टों से पता चलता है कि यह कदम अनुशासनहीनता और पार्टी की नीतियों का पालन न करने के आरोपों के कारण उठाया गया हो सकता है। राघव चड्ढा दिल्ली शराब आबकारी नीति से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में AAP प्रमुख अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को हाल ही में मिली राहत पर चुप रहे थे।