Bakrid 2026: महाराष्ट्र के ठाणे जिले के मीरा रोड इलाके की एक रिहायशी सोसाइटी में बकरीद से पहले कथित तौर पर अस्थायी शेड बनाने और कुर्बानी के बकरों को बांधने को लेकर उपजे विवाद के कारण झड़प हो गई। इसमें तीन लोग घायल हो गए हैं। इस घटना के बाद इलाके में तनाव पैदा हो गया है। बवाल के बाद पुलिस को मामले में हस्तक्षेप करना पड़ा। बताया जा रहा है कि मुंबई के पास मीरा रोड में उस समय तनाव भड़क गया, जब एक पुलिसकर्मी को एक सूअर के साथ भागते हुए दिखाया गया। आरोप है कि उस सूअर को विरोध प्रदर्शन वाली जगह की ओर ले जाया जा रहा था।
स्थानीय अधिकारियों के अनुसार, यह विवाद मीरा रोड के पास पूनम क्लस्टर क्षेत्र में स्थित 'सृष्टि कॉम्प्लेक्स' में तब शुरू हुआ, जब निवासियों और हिंदू संगठनों ने आवासीय कॉम्प्लेक्स में कुर्बानी के बकरों के लिए शेड बनाने पर आपत्ति जताई। विरोध प्रदर्शनों के बाद इस अस्थायी ढांचे को हटा दिया गया। लेकिन मुस्लिम समुदाय के सदस्यों द्वारा कथित तौर पर विरोध में इकट्ठा होने और काशीमीरा थाने में शिकायत दर्ज कराए जाने के बाद तनाव और बढ़ गया।
एक अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराने के लिए हस्तक्षेप किया। लेकिन बाद में रात में कथित तौर पर हाथापाई हो गई। सोमवार दोपहर को स्थिति उस समय और गंभीर हो गई जब विरोध कर रहे निवासी सोसाइटी के गेट पर इकट्ठा हो गए और नारेबाजी की। उन्होंने हनुमान चालीसा का पाठ किया और परिसर के भीतर एक सुअर लाने का प्रयास किया।
इस बीच, स्थानीय सूत्रों ने बताया कि परिसर में बकरों को कथित तौर पर वापस लाए जाने के विरोध में विश्व हिंदू परिषद (VHP) के कार्यकर्ता कॉम्प्लेक्स पहुंचे। इस दौरान VHP के एक पदाधिकारी और दो अन्य लोगों पर कथित तौर पर ब्लेड से हमला किया गया।
किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए मीरा-भायंदर के संवेदनशील इलाकों में बड़ी संख्या में पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया है। एक अधिकारी ने बताया कि स्थिति नियंत्रण में है। काशीमीरा थाने के सीनियर इंस्पेक्टर राजेंद्र कांबले ने पीटीआई को बताया कि अब तक कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है। आवासीय कॉम्प्लेक्स में पुलिस कर्मी तैनात हैं। उन्होंने घटना की संवेदनशील प्रकृति का हवाला देते हुए विस्तृत जानकारी देने से इनकार कर दिया।
एक अधिकारी ने मंगलवार रात बताया कि महानगरपालिका के चार वाहनों के जरिए सोसाइटी से 51 बकरों को हटा दिया गया है। उन्होंने बताया कि कुछ दक्षिणपंथी संगठनों द्वारा हंगामा किए जाने के बाद धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और सार्वजनिक स्थानों पर इकट्ठा होने पर लगे प्रतिबंध का उल्लंघन करने के आरोप में काशीमीरा पुलिस थाने में दो मामले दर्ज किए जा रहे हैं।
इस मामले पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए BJP नेता किरीट सोमैया ने मंगलवार को आरोप लगाया कि कुछ मुस्लिम नेता नया नगर क्षेत्र को (जो मीरा रोड इलाके का हिस्सा है) 'पाकिस्तानी मानसिकता का गढ़' बनाने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आवासीय सोसाइटी से आधे से अधिक बकरों को हटा दिया गया है। जबकि बाकी के बकरों को भी दूसरी जगह शिफ्ट कर दिया जाएगा। सोमैया ने कहा, "किसी भी धर्म के लोग निर्धारित स्थानों पर अपने धार्मिक अनुष्ठान कर सकते हैं। लेकिन अगर कोई धार्मिक त्योहारों का इस्तेमाल हिंदुओं को भगाने के लिए करता है, तो इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा।"
सोमैया ने कहा कि कुर्बानी के बाजारों के लिए उचित व्यवस्था करने की जिम्मेदारी नागरिक निकायों की है। पूर्व सांसद ने कहा, "यदि ये व्यवस्थाएं अपर्याप्त हैं, तो उनका विस्तार किया जाना चाहिए, लेकिन हम किसी भी आवासीय कॉम्प्लेक्स, आवासीय सोसाइटी या चॉल में खुलेआम बकरों की कुर्बानी देने की अनुमति नहीं देंगे।" वहीं, शिवसेना विधायक और मंत्री प्रताप सरनाईक ने शांति की अपील की और इस अशांति के लिए बाहरी लोगों को जिम्मेदार ठहराया।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए इलाके में मीरा-भायंदर-वसई-विरार (MBVV) पुलिस कर्मियों की भारी तैनाती की गई थी। स्थानीय लोगों का कहना है कि जानवरों की कुर्बानी केवल आधिकारिक तौर पर तय जगहों पर ही की जानी चाहिए, न कि हाउसिंग सोसाइटी के अंदर। मौके से सामने आए कुछ वीडियो में हिंदू समूहों के सदस्यों को विरोध के प्रतीक के तौर पर प्रदर्शन स्थल के पास सूअर ले जाते हुए देखा गया।