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चीन भारत में ला सकता है बाढ़ या सूखा! ब्रह्मपुत्र नदी के ऊपर बना रहा ऐसा 'टाइम बम'

भारत के लिए ये सिर्फ पर्यावरण से जुड़ी चिंता नहीं है। अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने चेतावनी दी थी कि इस प्रोजेक्ट का इस्तेमाल "टाइम बम" की तरह किया जा सकता है, जिसमें चीन ब्रह्मपुत्र में छोड़े जाने वाले पानी की मात्रा और समय को अपने हिसाब से कंट्रोल कर सकता है

Shubham Sharmaअपडेटेड Dec 18, 2025 पर 8:28 PM
चीन भारत में ला सकता है बाढ़ या सूखा! ब्रह्मपुत्र नदी के ऊपर बना रहा ऐसा 'टाइम बम'
चीन ब्रह्मपुत्र नदी के ऊपर बना रहा दुनिया का सबसे पावरफुल बांध (FILE PHOTO)

चीन अपनी चालबाजी से बाज नहीं आ रहा है। खबरों की मानें, तो चीन तिब्बत में यारलुंग त्सांगपो नदी पर एक बड़ी जलविद्युत परियोजना को आगे बढ़ा रहा है। इसके बारे में विशेषज्ञों और अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यह भारत में नदी के निचले हिस्से में जल सुरक्षा, इकोसिस्टम और आजीविका को गंभीर रूप से खतरे में डाल सकता है। क्योंकि यह नदी ब्रह्मपुत्र के रूप में भारत में प्रवेश करती है, इसलिए नदी के ऊपरी हिस्से में किसी भी बड़े पैमाने पर हस्तक्षेप को उन लाखों लोगों के लिए सीधा खतरा माना जाता है, जो इसके नेचुरल फ्लो पर निर्भर हैं।

CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रस्तावित 168 अरब डॉलर की यह हाइड्रोपावर योजना बहुत बड़ी होगी। यह योजना करीब 2000 मीटर की खड़े ढलान का इस्तेमाल करके कई बांध, जलाशय, सुरंगें और अंडरग्राउंड पावर स्टेशन के जरिए बिजली बनाएगी।

भारत के लिए है 'टाइम बम'!

भारत के लिए ये सिर्फ पर्यावरण से जुड़ी चिंता नहीं है। अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने चेतावनी दी थी कि इस प्रोजेक्ट का इस्तेमाल "टाइम बम" की तरह किया जा सकता है, जिसमें चीन ब्रह्मपुत्र में छोड़े जाने वाले पानी की मात्रा और समय को अपने हिसाब से कंट्रोल कर सकता है।

अचानक पानी छोड़ने से बाढ़ आ सकती है, जबकि पानी रोके रखने से महत्वपूर्ण समय के दौरान नदी के बड़े हिस्से सूख सकते हैं।

विदेश मामलों के राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने अगस्त में इस प्रोजेक्ट के बारे में बात करते हुए कहा कि वे ब्रह्मपुत्र नदी से जुड़ी घटनाओं पर लगातार नजर रख रहे हैं। उन्होंने कहा, "भारत सरकार ने तिब्बत में यारलुंग त्सांगपो (ब्रह्मपुत्र नदी के ऊपरी भाग) के निचले इलाकों पर चीन के मेगा डैम प्रोजेक्ट शुरु करने की खबरों का संज्ञान लिया है।"

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