बंगाल की खाड़ी में बढ़ा डिप्रेशन! MP-गुजरात से ओडिशा तक हैवी बारिश का अलर्ट, इन राज्यों के लिए IMD ने जारी की चेतावनी
IMD Heavy Rain Alert: उत्तर-पश्चिम और उससे सटे मध्य-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और दक्षिण ओडिशा व उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों पर बना कम दबाव का क्षेत्र अब और सक्रिय हो गया है। IMD ने 11 सितंबर को अलर्ट जारी करते हुए देश के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश, आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी दी है।
देश के इन राज्यों में अगले 5 दिन जमकर बरसेंगे बादल
IMD Heavy Rain Alert: उत्तर-पश्चिम और उससे सटे मध्य-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और दक्षिण ओडिशा व उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटों पर बना कम दबाव का क्षेत्र अब और सक्रिय हो गया है। मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 11 सितंबर को ताजा अलर्ट जारी करते हुए देश के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश, तेज आंधी और बिजली गिरने की गंभीर चेतावनी दी है। यह मानसूनी प्रणाली अगले 24 घंटों के दौरान अधिक प्रभावी होकर पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश और दक्षिण ओडिशा की ओर बढ़ेगी। इससे मध्य, पश्चिमी और पूर्वी भारत के विस्तृत हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां तेज होंगी।
बदले हुए मौसमी तंत्र का असर देश के मैदानी और तटीय इलाकों पर साफ देखने को मिलेगा, जहां हवा की गति 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
पिछले 24 घंटों का हाल जानिए
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक बीते 24 घंटों में पूर्वी मध्य प्रदेश, ओडिशा, बिहार और छत्तीसगढ़ के अलग-अलग हिस्सों में अत्यंत भारी बारिश (12 से 20 सेमी) दर्ज की गई है। इसके अलावा उत्तर प्रदेश, पश्चिम मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में भी 7 से 11 सेमी तक भारी बारिश हुई है।
वर्तमान में मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा अपनी सामान्य स्थिति से उत्तर में और पूर्वी सिरा दक्षिण में स्थित है। इसके साथ ही उत्तर राजस्थान से लेकर बंगाल की खाड़ी के कम दबाव के क्षेत्र तक एक ट्रफ रेखा फैली हुई है। मध्य उत्तर-पूर्वी अरब सागर से लेकर दक्षिण कोंकण तट तक और उत्तर पंजाब के ऊपर चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बना हुआ है, जिससे कई राज्यों में एक साथ बारिश के अनुकूल माहौल तैयार हुआ है।
मध्य भारत: छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश में बहुत भारी बारिश की चेतावनी
मध्य प्रदेश, विदर्भ और छत्तीसगढ़ में 11 से 15 सितंबर के बीच मूसलाधार बारिश का दौर देखने को मिलेगा। 11 सितंबर को छत्तीसगढ़ में अति भारी बारिश का अनुमान है जबकि 12 सितंबर को भी यहां भारी बारिश जारी रहेगी। पश्चिम मध्य प्रदेश में 13 और 14 सितंबर को अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। पूर्वी मध्य प्रदेश और विदर्भ में 11 से 12 सितंबर के दौरान मध्यम से भारी बारिश होगी। इसके साथ ही 11 और 12 सितंबर को विदर्भ में 40 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने की संभावना है।
पश्चिमी भारत: गुजरात और मध्य महाराष्ट्र में 13-14 सितंबर को बड़ा अलर्ट
पश्चिम भारत के राज्यों में 12 सितंबर से बारिश का जोर बढ़ेगा। कोंकण और गोवा में 11 से 17 सितंबर तक लगातार व्यापक बारिश होगी। मध्य महाराष्ट्र में 13 सितंबर को, गुजरात क्षेत्र में 13 व 14 सितंबर को, सौराष्ट्र और कच्छ में 14 सितंबर को अलग-अलग स्थानों पर मूसलाधार से अति भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। मराठवाड़ा में 12 और 13 सितंबर को भारी बारिश के साथ 60 किमी प्रति घंटे तक की गति से हवाएं चल सकती हैं।
उत्तर-पश्चिम भारत: उत्तराखंड और पंजाब समेत मैदानी इलाकों में बारिश का पूर्वानुमान
उत्तराखंड में 11 से 14 सितंबर तक और जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश में 15 से 17 सितंबर के दौरान व्यापक स्तर पर बारिश होने की संभावना है। उत्तराखंड में 11 से 13 सितंबर के बीच भारी बारिश होगी। पंजाब में 13 से 15 सितंबर तक और हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली और पूर्वी राजस्थान में 13 और 14 सितंबर को भारी बारिश दर्ज की जा सकती है। उत्तर प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में 11 सितंबर को गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत: ओडिशा और असम-मेघालय में मौसम रहेगा सख्त
पूर्वी भारत में ओडिशा के लिए 11 सितंबर को बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है जिसके साथ ही 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलेंगी। गंगीय पश्चिम बंगाल, बिहार और झारखंड में 11 सितंबर को भारी बारिश की संभावना है। सब-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 11 से 13 सितंबर तथा 16-17 सितंबर को मूसलाधार बारिश हो सकती है। पूर्वोत्तर के राज्यों में असम और मेघालय में 11 सितंबर को बहुत भारी बारिश होने के आसार हैं। इसके अलावा अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 11 से 14 सितंबर के बीच गरज-चमक के साथ मूसलाधार पानी बरस सकता है।
दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत: आंध्र प्रदेश में थंडरस्क्वाल और आंधी का खतरा
दक्षिण भारत में तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में 11 और 12 सितंबर को थंडरस्क्वाल का खतरा है। हवा की स्पीड 50 से 60 किमी प्रति घंटे से बढ़कर 70 किमी प्रति घंटे की झोंकेदार रफ्तार छू सकती है। तेलंगाना और तटीय आंध्र प्रदेश में 11 और 12 सितंबर को भारी वर्षा का अनुमान है। तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराइकल और रायलसीमा में भी 11 से 13 सितंबर के दौरान तेज हवाओं और बिजली चमकने के साथ हल्की से मध्यम बारिश होगी। केरल, माहे और दक्षिण तटीय आंध्र प्रदेश में 11 से 13 सितंबर तक गर्म और आर्द्र मौसम बना रहने की संभावना है।
समुद्र में स्थिति चिंताजनक: मछुआरों के लिए रेड चेतावनी
समुद्र में उठती ऊंची लहरों और तूफानी हवाओं के कारण मौसम विभाग ने मछुआरों के लिए विशेष अलर्ट जारी किया है। अरब सागर में सोमालिया तट, दक्षिण-पश्चिम अरब सागर और गुजरात तट से सटे उत्तर-पूर्वी अरब सागर में 13 से 16 सितंबर तक मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
बंगाल की खाड़ी में पश्चिम बंगाल, बांग्लादेश, ओडिशा और उत्तर आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में 11 और 12 सितंबर को समुद्र की स्थिति बेहद खराब रहेगी। मछुआरों को तटीय और गहरे समुद्री इलाकों में जाने से पूरी तरह से मना किया गया है।