भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 16 अप्रैल 2026 को ताजा बुलेटिन जारी करते हुए देश के कई हिस्सों के लिए दोहरी चुनौती की चेतावनी दी है। एक तरफ जहां पूर्वोत्तर और उत्तर भारत के राज्यों में 18 से 20 अप्रैल के बीच धुआंधार बारिश और तूफान का अलर्ट जारी किया गया है वहीं मध्य और पूर्वी भारत के कई जिले हीटवेव (लू) की चपेट में रहेंगे।
पूर्वोत्तर में 18-20 अप्रैल के बीच भारी बारिश का अलर्ट
हिमालयी और पूर्वोत्तर राज्यों के लिए आने वाले 48 से 72 घंटे बेहद महत्वपूर्ण हैं। अरुणाचल प्रदेश में 18 से 20 अप्रैल के बीच अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश के साथ बिजली गिरने और गरज के साथ तूफान आने की संभावना जताई जा रही है। इसी तरह असम और मेघालय में 16 से 19 अप्रैल के दौरान भी मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। सिक्किम में 18 अप्रैल को भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा मिजोरम में 16 अप्रैल यानी आज ओले गिरने की चेतावनी दी गई है।
उत्तर-पश्चिम भारत: पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानों में बौछारें
मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से उत्तर भारत का मौसम भी बदलेगा. पहाड़ी राज्यों जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश में 17 से 19 अप्रैल के बीच बारिश और बर्फबारी के साथ 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। 17 अप्रैल को इन क्षेत्रों में ओलावृष्टि की भी आशंका है। इसके अलावा मैदानी राज्यों पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान में 17 अप्रैल को गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है।
मध्य और पूर्वी भारत में हीटवेव (लू) का असर
एक तरफ बारिश का अलर्ट है, तो दूसरी तरफ लू यानी हीटवेव का प्रकोप बढ़ने वाला है. पूर्वी मध्य प्रदेश (16-19 अप्रैल), पश्चिमी मध्य प्रदेश (17-19 अप्रैल), विदर्भ और छत्तीसगढ़ (17-20 अप्रैल) में हीटवेव की स्थिति बनी रहेगी। ओडिशा और झारखंड में 18-20 अप्रैल के दौरान भीषण गर्मी के साथ पारा सामान्य से काफी ऊपर जा सकता है। गुजरात, तमिलनाडु, केरल, कोंकण और तटीय कर्नाटक में उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान करेगी।
दक्षिण और पश्चिम भारत का हाल
इसी तरह तटीय आंध्र प्रदेश और कर्नाटक के अंदरूनी हिस्सों में 16 से 20 अप्रैल के बीच हल्की से मध्यम बारिश और बिजली गिरने की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में 18 से 21 अप्रैल के दौरान कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है, जिससे तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट आने का अनुमान है।
देश का Temperature Forecast
मध्य भारत: 16 से 19 अप्रैल के दौरान तापमान में 2 डिग्री की वृद्धि होगी, लेकिन 20 अप्रैल के बाद 2-3 डिग्री की गिरावट आ सकती है।
उत्तर-पश्चिम भारत: दिल्ली-एनसीआर समेत आसपास के इलाकों में 22 अप्रैल तक तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा।
बिजली से बचाव: पूर्वोत्तर और पहाड़ी राज्यों के लोग तूफान के दौरान पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें।
हीटवेव से बचाव: लू प्रभावित इलाकों में दोपहर 12 से 3 बजे के बीच बाहर न निकलें और पर्याप्त पानी पिएं।
गंगा के मैदानी इलाके: 16 अप्रैल को पश्चिम बंगाल के गंगा के मैदानी इलाकों में 50-70 किमी/घंटा की रफ्तार से 'थंडरस्क्वॉल' आने का खतरा है।