IndiGo: 10 फरवरी के बाद अपनी उड़ानें घटाएगी इंडिगो, DGCA के नए ड्यूटी नियमों का असर

जानकारी के मुताबिक ऐसा इसलिए किया जा सकता है क्योंकि एयरलाइन नए और ज्यादा और सेफ फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) नियमों को लागू करने की तैयारी कर रही है। इन नए नियमों के लागू होने से पायलटों की ज़रूरत पहले से काफी बढ़ जाएगी। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन IndiGo ने डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) को भरोसा दिलाया है कि अगले महीने जब इन नियमों से मिली छूट खत्म होगी, तब भी यात्रियों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी

अपडेटेड Jan 20, 2026 पर 10:58 PM
Story continues below Advertisement
पिछले साल दिसंबर का महीना विमानों से यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए काफी मुश्किल भरा रहा।

पिछले साल दिसंबर का महीना विमानों से यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए काफी मुश्किल भरा रहा। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो में कैंसलेशन और डिले का ऐसा दौर चला कि लगभग सभी फ्लाइट आसमान की जगह जमीन पर जमी नजर आई। इंडिगो एयरलाइंस की उड़ानों में मची अव्यवस्था और यात्रियों को हुई भारी परेशानी के बाद सरकार और विमानन नियामक (DGCA) ने एयरलाइन पर कड़ी निगरानी रखी है। वहीं एयरलाइन और विमानन नियमों से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, IndiGo 10 फरवरी के बाद कुछ समय के लिए अपनी अतिरिक्त उड़ानों की संख्या कम कर सकती है।

यात्रियों को नहीं होगी कोई परेशानी 

जानकारी के मुताबिक ऐसा इसलिए किया जा सकता है क्योंकि एयरलाइन नए और ज्यादा और सेफ फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) नियमों को लागू करने की तैयारी कर रही है। इन नए नियमों के लागू होने से पायलटों की ज़रूरत पहले से काफी बढ़ जाएगी। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन IndiGo ने डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) को भरोसा दिलाया है कि अगले महीने जब इन नियमों से मिली छूट खत्म होगी, तब भी यात्रियों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। एयरलाइन ने यह भी साफ किया है कि अगर ऑपरेशन को संतुलित रखने के लिए ज़रूरत पड़ी, तो वह कुछ समय के लिए अपने उड़ान नेटवर्क में छोटे स्तर पर बदलाव कर सकती है, ताकि सेवाएं सुचारू रूप से चलती रहें।


क्यों लिया जा रहा है ये फैसला

दिसंबर में आई बड़ी दिक्कतों के बाद, पिछले महीने IndiGo ने अपने उड़ान शेड्यूल में पहले ही करीब 10 प्रतिशत की कटौती कर दी थी। फिलहाल एयरलाइन रोज़ाना लगभग 2,200 घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानें चला रही है। इनमें से करीब 350 उड़ानें उसके टर्बोप्रॉप ATR विमानों से होती हैं, जबकि बाकी उड़ानें Airbus के A320 और A321 विमानों से संचालित की जाती हैं।

10 फरवरी से IndiGo के A320 फैमिली विमानों को उड़ाने वाले पायलटों को संशोधित FDTL (फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन) नियमों से अब कोई छूट नहीं मिलेगी। नए नियमों में पायलटों की ड्यूटी की सीमा और आराम का समय पहले से ज़्यादा सख्त कर दिया गया है। इन बदलावों के चलते हर विमान के लिए अतिरिक्त पायलटों की ज़रूरत पड़ेगी। इससे क्रू की उपलब्धता पर दबाव बढ़ेगा, और इसी वजह से एयरलाइन को कुछ और उड़ानें कम करने पर विचार करना पड़ सकता है।

पिछले साल हुई थी बड़ी क्राइसिस

दिसंबर में उड़ानों के शेड्यूल में गड़बड़ी के बाद IndiGo को नियमों के उल्लंघन की वजह से कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ा। इसके बाद डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) ने 5 दिसंबर को IndiGo के A320 फैमिली विमानों को नए FDTL नियमों से 10 फरवरी 2026 तक के लिए अस्थायी छूट दी थी। हालांकि, इस छूट के साथ एयरलाइन पर भारी जुर्माना भी लगाया गया। DGCA ने कुल 22.2 करोड़ रुपये की पेनल्टी लगाई। इसमें 68 दिनों की छूट अवधि के लिए रोज़ाना 30 लाख रुपये का जुर्माना शामिल था, जो मिलाकर करीब 20.4 करोड़ रुपये बनता है।

इसके अलावा, IndiGo को 50 करोड़ रुपये की बैंक गारंटी देने का भी आदेश दिया गया। इसमें से 15 करोड़ रुपये इस शर्त से जुड़े थे कि एयरलाइन बेहतर मैनपावर प्लानिंग, सही रोस्टरिंग और पायलटों की थकान से जुड़े जोखिमों को संभालते हुए लगातार छह महीनों तक नियमों का ठीक से पालन करेगी।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।