सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए एक नई पहल शुरू की गई है। योग गुरु बाबा रामदेव के मार्गदर्शन में संचालित पतंजलि समूह ने अब सिविल सेवा कोचिंग के क्षेत्र में कदम रखने का फैसला किया है। इसकी घोषणा शनिवार को की गई। इस मौके पर फेमस टीचर अवध ओझा भी मौजूद रहे। बाबा रामदेव ने बताया कि नई संस्था का नाम पतंजलि आईएएस अकादमी होगा और इसकी कमान अवध ओझा संभालेंगे।
पतंजलि में योग के साथ होगी IAS-IPS की तैयारी
उन्होंने कहा कि अकादमी का उद्देश्य ऐसे आईएएस और आईपीएस अधिकारी तैयार करना है, जिनके पास अच्छी शिक्षा के साथ मजबूत नैतिक मूल्य भी हों। इस संस्थान में युवाओं को सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। हरिद्वार के पास स्थित पतंजलि के बड़े परिसर में यह अकादमी संचालित होगी। यहां हर साल बड़ी संख्या में सिविल सेवा अभ्यर्थियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे देश की प्रतिष्ठित प्रशासनिक सेवाओं में चयनित हो सकें।
हरिद्वार में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बाबा रामदेव ने कहा कि दिल्ली और अन्य शहरों के कई कोचिंग संस्थानों में पढ़ने वाले छात्र परीक्षा में सफल नहीं हो पाते, जिसके बाद उनके सामने आगे का रास्ता स्पष्ट नहीं रहता। उन्होंने कहा कि पतंजलि आईएएस अकादमी के छात्र न केवल अपने परिवार का बल्कि देश का भी नाम रोशन करेंगे। बाबा रामदेव ने कहा कि संस्थान का उद्देश्य ऐसे भावी प्रशासनिक अधिकारी तैयार करना है, जो समाज और देश के विकास में सकारात्मक भूमिका निभा सकें। उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ अच्छे संस्कार और नैतिक मूल्यों पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
अवध ओझा संभालेंगे एकेडमी की कमान
इस मौके पर अवध ओझा ने भी अकादमी की विशेषताओं के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पतंजलि आईएएस अकादमी पारंपरिक कोचिंग संस्थानों से अलग होगी और यहां छात्रों को बेहतर माहौल उपलब्ध कराया जाएगा। अवध ओझा के अनुसार, अकादमी का शांत और सकारात्मक वातावरण छात्रों में तनाव, चिंता और मानसिक दबाव को कम करने में मदद करेगा। उन्होंने कहा कि इससे विद्यार्थियों को पढ़ाई पर बेहतर ध्यान लगाने में सहायता मिलेगी और उनमें सकारात्मक सोच विकसित होगी। उन्होंने यह भी बताया कि अकादमी में देश के प्रमुख कोचिंग संस्थानों के स्तर की अनुभवी शिक्षकों की टीम होगी, जो सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कराने में छात्रों का मार्गदर्शन करेगी।
पतंजलि का तेजी से बढ़ा कारोबार
बता दें कि, पतंजलि समूह ने पिछले कुछ वर्षों में अपने कारोबार का तेजी से विस्तार किया है और कई नए क्षेत्रों में कदम रखा है। कंपनी का उपभोक्ता उत्पाद (एफएमसीजी) कारोबार काफी चर्चा में रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मार्च 2026 में समाप्त हुए वित्तीय वर्ष में समूह का कारोबार लगभग 40,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। दैनिक उपयोग के उत्पादों के अलावा पतंजलि ने अन्य क्षेत्रों में भी अपनी मौजूदगी बढ़ाई है। जुलाई 2017 में बाबा रामदेव ने पराक्रम सुरक्षा प्राइवेट लिमिटेड की शुरुआत कर निजी सुरक्षा सेवाओं के क्षेत्र में प्रवेश किया था। इसके बाद वर्ष 2018 में पतंजलि ने पतंजलि परिधान नाम से कपड़ों के कारोबार में भी कदम रखा। इस ब्रांड के जरिए कंपनी ने परिधान बाजार में अपनी पहचान बनाने की कोशिश की। इस तरह पतंजलि समूह ने योग, आयुर्वेद और उपभोक्ता उत्पादों के साथ-साथ सुरक्षा सेवाओं, वस्त्र उद्योग और अब शिक्षा क्षेत्र में भी अपनी पहुंच बढ़ाई है।