PM Surya Ghar Muft Bijli Yojana: पीएम मुफ्त बिजली योजना में इन वजहों से कैंसिल हो जाएगा एप्लिकेशन, जानें सब्सिडी और आवेदन का पूरा तरीका
PM Surya Ghar Muft Bijli Yojana: 'PM सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना' को केंद्र सरकार ने फरवरी 2024 में शुरू किया था। यह एक रूफटॉप सोलर पहल है। इसे परिवारों की बिजली की लागत कम करने में मदद करने और रिनेबल एनर्जी को ज्यादा से ज्यादा अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने के मकसद से डिजाइन किया गया है
PM Surya Ghar Muft Bijli Yojana: पीएम मुफ्त बिजली योजना के लिए ऑनलाइन अप्लाई करने समय काफी सतर्क रहना पड़ेगा
PM Surya Ghat Muft Bijli Yojna: उत्तर प्रदेश के एक छोटे से कस्बे में रहने वाले रमेश कुमार हर महीने बढ़ते बिजली बिल से परेशान थे। उनके परिवार में माता-पिता, पत्नी और दो बच्चे थे। गर्मियों में पंखे, कूलर और अन्य उपकरणों के उपयोग से बिजली का खर्च काफी बढ़ जाता था। एक दिन रमेश ने न्यूज में 'पीएम सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना' के बारे में सुना। उन्हें पता चला कि सरकार घरों की छत पर सोलर पैनल लगाने के लिए सब्सिडी दे रही है। इससे हर महीने बिजली के बिल में बड़ी बचत हो सकती है। उन्होंने योजना की पात्रता जांची और पाया कि वे आवेदन कर सकते हैं।
रमेश ने ऑनलाइन आवेदन किया। कुछ ही दिनों में उनके क्षेत्र की डिस्कॉम से स्वीकृति मिल गई। इसके बाद एक रजिस्टर्ड विक्रेता ने उनके घर की छत पर सोलर पैनल लगा दिए। निरीक्षण और सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद सरकार की सब्सिडी सीधे उनके बैंक खाते में जमा हो गई।
सोलर पैनल लगने के बाद रमेश के घर की बिजली जरूरतों का बड़ा हिस्सा सूर्य ऊर्जा से पूरा होने लगा। उनका बिजली बिल लगभग शून्य हो गया। कई बार अतिरिक्त बिजली बनने पर वह ग्रिड में चली जाती, जिससे उन्हें अतिरिक्त लाभ भी मिलने लगा।
बिजली बिल की बचत से रमेश ने अपने बच्चों की पढ़ाई पर अधिक खर्च करना शुरू किया। परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार आया और वे भविष्य को लेकर अधिक आत्मविश्वास महसूस करने लगे। रमेश अब अपने पड़ोसियों को भी इस योजना के बारे में बताते हैं। उनका मानना है कि यह केवल बिजली बचाने की योजना नहीं है, बल्कि परिवारों को आत्मनिर्भर बनाने और पर्यावरण की रक्षा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
26.19 लाख से ज्यादा रूफटॉप सोलर सिस्टम लगे
'PM सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना' को केंद्र की मोदी सरकार ने फरवरी 2024 में शुरू किया था। यह एक रूफटॉप सोलर पहल है। इसे परिवारों की बिजली की लागत कम करने में मदद करने और रिनेबल एनर्जी को ज्यादा से ज्यादा अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने के मकसद से डिजाइन किया गया है। 19 मार्च, 2026 तक इस योजना के तहत 26.19 लाख से ज्यादा रूफटॉप सोलर सिस्टम पहले ही लगाए जा चुके थे, जो इसके तेज़ी से विस्तार को दिखाता है।
इस योजना का लक्ष्य वित्त वर्ष 2026-27 के आखिर तक एक करोड़ घरों में सोलर रूफटॉप पैनल लगाना है। साथ ही, यह सब्सिडी और कम ब्याज वाले लोन के ज़रिए आर्थिक मदद भी देती है। परिवारों को ग्रिड को अतिरिक्त बिजली बेचकर अतिरिक्त आय कमाने का मौका भी देती है। यह मुख्य रूप से 'नेट मीटरिंग' व्यवस्था के ज़रिए काम करता है, जो किसी घर के नवीकरणीय ऊर्जा सिस्टम को स्थानीय बिजली कंपनी से जोड़ता है, ताकि बिजली की खपत को संतुलित किया जा सके।
PM सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना क्या है?
इस योजना का मकसद ग्रिड से जुड़े रूफटॉप सोलर सिस्टम के जरिए परिवारों को हर महीने 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली देना है। यह योजना उन घरेलू उपभोक्ताओं के लिए उपलब्ध है जिनके पास वैध बिजली कनेक्शन है। इस कार्यक्रम को पूरी तरह से डिजिटल राष्ट्रीय पोर्टल के जरिए लागू किया जा रहा है। ताकि आवेदन, मंज़ूरी और सब्सिडी के डिटेल्स की प्रक्रिया आसान हो सके।
सरकार सोलर पैनल लगाने की शुरुआती लागत को कम करने के लिए 'केंद्रीय वित्तीय सहायता' (CFA) देती है। प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) के अनुसार, इस योजना के शुरू होने के बाद से अब तक लाभार्थियों को सब्सिडी के तौर पर 26 लाख सोलर सिस्टम लगाने के लिए ₹17,967 करोड़ से ज़्यादा की राशि दी जा चुकी है।
कौन कर सकता है अप्लाई?
PM सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के लिए आवेदन करने हेतु आवेदकों को कुछ शर्तों को पूरा करना होगा। ये शर्तें इस प्रकार हैं:-
आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए।
आवेदक गरीब या मध्यम आय वाले परिवार से होना चाहिए।
आवेदक के पास अपना घर होना चाहिए, जिसकी छत सोलर पैनल लगाने के लिए उपयुक्त हो।
आवेदक के पास एक वैध बिजली कनेक्शन होना चाहिए।
आवेदक ने सोलर पैनल के लिए किसी अन्य योजना के तहत सब्सिडी का लाभ न लिया हो।
मुफ्त बिजली योजना के लिए आवेदन कैसे करें?
योजना के लिए अप्लाई करने के लिए नीचे दिए गए आसान स्टेप्स को फॉलो करें:-
स्टेप 1: PM सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाएं।
स्टेप 2: अब 'Consumer' ऑप्शन पर क्लिक करें और 'Apply Now' चुनें।
स्टेप 3: अपना मोबाइल नंबर और कैप्चा कोड डालें, बॉक्स चुनें और पोर्टल पर दिखाए गए 'Verify' ऑप्शन पर क्लिक करें।
स्टेप 4: वन-टाइम पासवर्ड (OTP) डालें और 'Login' पर क्लिक करें।
स्टेप 5: जरूरी जानकारी डालें, जैसे कि उपभोक्ता का नाम, ई-मेल आईडी, राज्य, जिला और PIN कोड और फिर 'Save' पर क्लिक करें।
स्टेप 6: आवेदक चुन सकते हैं कि वे चाहते हैं या नहीं कि कोई रजिस्टर्ड वेंडर उनकी तरफ से आवेदन की प्रक्रिया पूरी करे। अगर आप 'No' चुनते हैं, तो आप 'Apply for Solar Rooftop' टैब पर क्लिक करके, जरूरी जानकारी भरकर और फॉर्म सबमिट करके खुद ही फॉर्म भर सकते हैं।
स्टेप 7: आवेदन सबमिट होने के बाद आवेदकों को DISCOM से फिजिबिलिटी अप्रूवल का इंतजार करना होगा। एक बार मंजूरी मिलने के बाद, वे अपने DISCOM के तहत रजिस्टर्ड वेंडर चुन सकते हैं। फिर सब्सिडी पाने के लिए बैंक की जानकारी दे सकते हैं।
स्टेप 8: DISCOM तकनीकी नियमों की जांच के लिए साइट का इंस्पेक्शन करेगा,। इसके बाद इंस्टॉलेशन की प्रक्रिया शुरू होगी। इंस्टॉलेशन पूरा होने के बाद, वेंडर इंस्टॉलेशन की जानकारी उपभोक्ता और DISCOM, दोनों को सबमिट करेगा।
स्टेप 9: इसके बाद DISCOM एक फाइनल इंस्पेक्शन करता है। इंस्पेक्शन रिपोर्ट उपभोक्ता के साथ शेयर करता है।
स्टेप 10: एक बार जब DISCOM इंस्पेक्शन और सर्टिफिकेशन पूरा कर लेता है, तो सब्सिडी की रकम सीधे आवेदक के बैंक खाते में Direct Benefit Transfer (DBT) के जरिए जमा कर दी जाती है, आमतौर पर 30 काम-काजी दिनों के अंदर।