उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों और त्रिस्तरीय पंचायती राज व्यवस्था से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। राज्य के 57694 ग्राम प्रधानों का कार्यकाल समाप्त होने से ठीक कुछ घंटों पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बड़ा फैसला लिया है। उत्तर प्रदेश सरकार ने एक अहम प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसके तहत कार्यकाल समाप्त होने के बाद भी राज्य के सभी मौजूदा ग्राम प्रधान ही अगले पंचायत चुनावों तक प्रशासक के रूप में काम करते रहेंगे। उत्तर प्रदेश के इतिहास में यह पहली बार होने जा रहा है जब कार्यकाल खत्म होने के बाद भी प्रधानी की कमान मौजूदा प्रधानों के हाथों में ही सुरक्षित रहेगी। आइए इस पूरे फैसले और इसके पीछे के कारणों को विस्तार से समझते हैं।
