ज्यादा पानी पीने के लिए किसी नियम की जरूरत नहीं होती। दिनभर थोड़ा-थोड़ा पानी पीना, पानी वाली चीजें खाना और शरीर के संकेतों पर ध्यान देना सबसे आसान तरीका है। जाने शरीर के लिए पर्याप्त पानी पीना क्यों जरूरी है, पानी की मात्रा कैसे बढ़ाई जा सकती है और किन आसान आदतों को अपनाकर पूरे दिन हाइड्रेट रहा जा सकता है।
पानी शरीर के लगभग हर अंग के सही काम करने के लिए जरूरी है। यह शरीर का टेम्परेचर कंट्रोल रखता है, ब्लड सर्कुलेशन बेहतर बनाता है, पाचन में मदद करता है और किडनी के जरिए शरीर से गंदगी बाहर निकालने में सहायता करता है। पर्याप्त पानी पीने से बॉडी सेल्स भी सही तरीके से काम करती हैं। पानी की कमी होने पर थकान, सिरदर्द, ध्यान लगाने में परेशानी, कब्ज और होंठ सूखने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
एक्सपर्ट के अनुसार, पानी पीने की आदत धीरे-धीरे बनानी चाहिए। सुबह उठते ही एक गिलास पानी पिएं, हर भोजन और स्नैक के साथ पानी लें, हमेशा अपने पास पानी की बोतल रखें और जरूरत हो तो मोबाइल में रिमाइंडर लगाएं। सादा पानी पसंद न आए तो उसमें नींबू, खीरा, पुदीना या नेचुरल फ्लेवर मिलाकर पी सकते हैं। इससे पानी पीना आसान हो जाता है।
हाइड्रेशन सिर्फ पानी पीने से ही नहीं होता, बल्कि कई फूड्स भी इसमें मदद करते हैं। तरबूज, संतरा, खीरा, टमाटर, दही और सूप जैसे फूड्स में पानी की मात्रा ज्यादा होती है। इन्हें रोजाना की डाइट में शामिल करने से शरीर को अतिरिक्त तरल मिलता है और पानी की जरूरत पूरी करने में मदद मिलती है।
यदि शरीर में पानी की कमी होने लगे तो प्यास ज्यादा लगना, मुंह सूखना, गहरे पीले रंग का पेशाब, कम पेशाब आना, चक्कर आना, सिरदर्द, कमजोरी और ध्यान न लगना जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। पेशाब का हल्का पीला रंग सामान्य हाइड्रेशन का संकेत माना जाता है, जबकि गहरा रंग इस बात का संकेत हो सकता है कि शरीर को ज्यादा पानी की जरूरत है।
कई लोग बिजी शेड्यूल, ट्रैवलिंग, बार-बार बाथरूम जाने से बचने की आदत या सादा पानी पसंद न आने की वजह से पर्याप्त पानी नहीं पीते। वहीं, बुखार, उल्टी, दस्त, ज्यादा पसीना आना, गर्म मौसम और कुछ दवाएं भी शरीर में पानी की कमी बढ़ा सकती हैं। इसलिए मौसम और अपनी फिजिकल एक्टिविटी के अनुसार पानी का सेवन बढ़ाना जरूरी होता है।
सुरक्षित तरीके से हाइड्रेट
एक्सपर्ट का कहना है कि एक बार में बहुत ज्यादा पानी पीने के बजाय पूरे दिन थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी पीना बेहतर होता है। जरूरत से ज्यादा पानी पीना भी नुकसानदायक हो सकता है। अपनी उम्र, मौसम, फिजिकल एक्टिविटी और स्वास्थ्य के अनुसार पानी पिएं।
अगर पर्याप्त पानी पीने के बाद भी बार-बार प्यास लगे, बार-बार डिहाइड्रेशन हो, बहुत कम पेशाब आए, अचानक वजन कम होने लगे, धुंधला दिखाई दे या लगातार कमजोरी और चक्कर महसूस हों, तो डॉक्टर से जांच करानी चाहिए। ये लक्षण डायबिटीज, किडनी की बीमारी, हार्मोन संबंधी समस्या या किसी अन्य स्वास्थ्य परेशानी का संकेत हो सकते हैं।