Budget 2024: केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी 2024 को छठी बार बजट पेश करेंगी। निर्मला सीतारमण मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आखिरी बजट पेश करने वाली है क्योंकि उसके बाद देशभर में लोकसभा चुनाव होने वाले हैं। ऐसे में सरकार अपने वोट बैंक को भुनाने के लिए कई घोषणाएं कर सकते हैं। सरकार के लिए सबसे बड़े वोट बैंक के तौर पर कर्मचारी भी आते हैं। कर्मचारी काफी समय से न्यूनतम बेसिक सैलरी लिमिट बढ़ाने की डिमांड कर रहे हैं, बजट में इस बार इसे लेकर ऐलान हो सकता है। सरकारी कर्मचारी फिटमेंट फैक्टर बढ़ाने की मांग कर रहे हैं।
बजट 2024 में बढ़ेगी सैलरी
साल 2024 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अंतरिम बजट पेश करेगी। चुनावी साल में अंतरिम बजट इसलिए पेश किया जाता है ताकि चुनाव के बाद जिसे सरकार बनाने की कमान मिले, वह सरकार बनाने के बाद बचे हुए महीनों के लेखा-जोखा तैयार करे। चुनावी साल होने के कारण ऐसी उम्मीद है कि सरकार कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने के लिए खास घोषणाएं कर सकती है। मोदी सरकार बजट में फिटमेंट फैक्टर बढ़ा सकती है। फिटमेंट के आधार पर सरकारी कर्मचारियों की सैलरी तय होती है। मोदी सरकार बजट में केंद्रीय कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने का ऐलान कर सकती है। कर्मचारियों की न्यूनतम बेसिक सैलरी 18,000 रुपये से बढ़कर 26,000 रुपये हो सकती है।
फिटमेंट फैक्टर बढ़ने से इतनी बढ़ जाएगी सैलरी
अभी फिटमेंट फैक्टर 2.57 फीसदी है। इसका मतलब है कि मान लीजिए अगर किसी को 4200 ग्रेड पे में 15,500 रुपये का बेसिक वेतन मिलता है, तो उसका कुल वेतन 15,500×2.57 रुपये यानी 39,835 रुपये होगा। छठे CPC ने फिटमेंट रेशो 1.86 करने की सिफारिश की थी। अब रिपोर्ट्स के मुताबिक कर्मचारी सरकार से फिटमेंट फैक्टर को बढ़ाकर 3.68 करने की मांग कर रहे हैं। ये बढ़ोतरी न्यूनतम वेतन को 18,000 रुपये से बढ़ाकर 26,000 रुपये कर देगी। इससे केंद्र सरकार के लगभग 48 लाख कर्मचारियों को फायदा होगा।
केंद्रीय कर्मचार काफी समय से लंबे समय से फिटमेंट फैक्टर में बदलाव करने की की मांग कर रहे हैं। सरकार इसे 2024 में चुनावों से पहले ऐलान करना चाहेगी। ताकि, सरकारी कर्मचारियों को चुनावों से पहले लुभा सके। अगर ऐसा होता है तो कर्मचारियों की सैलरी और भत्तों में बड़ा इजाफा देखने को मिल सकता है।