इस बार वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के बजट से कई उम्मीदें हैं। यूनियन बजट जुलाई के तीसरे हफ्ते में आ सकता है। केंद्र की नई एनडीए सरकार पर सबकी नजरें लगी हैं। इससे नई सरकार की पॉलिसी के बारे में संकेत मिलेंगे। वित्तमंत्री ने जून में बजट-पूर्व मीटिंग्स शुरू कर दी थी। उन्होंने इकोनॉमिस्ट्स, उद्योग चैंबर्स, इनवेस्टर्स, स्टॉक मार्केट सहित इकोनॉमी के करीब हर सेक्टर के प्रतिनिधियों से मिलकर बजट के बारे में उनकी राय जानने की कोशिश की। इसका मकसद ऐसा बजट तैयार करना था, जो सभी वर्गों की उम्मीदें पूरी कर सके। आखिर सरकार के लिए बजट क्यों जरूरी है?
