Apple Expansion Plan in India: भारत में एपल के प्रोडक्ट्स की मांग बढ़ रही है। इसे भुनाने के लिए आईफोन (iPhone) और मैकबुक (MacBook) बनाने वाली कंपनी एपल ने भारत में चार और रिटेल स्टोर्स खोलने की योजना बना रही है। एपल ने पिछले साल अप्रैल 2023 में दिल्ली और मुंबई में पहले दो रिटेल स्टोर खोले, और अब यह बेंगलुरु, पुणे, और दिल्ली-एनसीआर में अगले चरण के लिए योजना बना रहा है। मुंबई में भी एक और स्टोर खुल सकता है। इसके अलावा कंपनी की योजना प्रो और प्रो मैक्स समेत आईफोन 16 की पूरी सीरीज यहीं बनाने की है। यह योजना कंपनी के वैश्विक कारोबार में भारत की अहम भूमिका, सप्लाई चेन को डाईवर्सिफाई पर फोकस और देश के स्किल्ड वर्कफोर्स को भुनाने के मुताबिक है।
दिल्ली-मुंबई के स्टोर को शानदार रिस्पांस से उत्साहित Apple
एपल के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट (रिटेल) Deirdre O'Brien का कहना है कि एपल का मैजिक महसूस करने के लिए स्टोर्स सबसे बढ़िया जगह है और भारत में अपने ग्राहकों से जुड़ाव को और गहरा के लिए स्टोर्स की संख्या बढ़ाई जाएगी। एनालिस्ट्स का कहना है कि दिल्ली और मुंबई में इसके रिटेल आउटलेट को जो तगड़ा रिस्पांस मिला, उसी से उत्साहित होकर ही एपल ने विस्तार की योजना बनाई है। आईडीसी इंडिया के एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट नवकेंदर सिंह का कहना है कि दिल्ली और मुंबई के स्टोर्स की देश में एपल के कारोबार में 20 फीसदी से अधिक हिस्सदारी रही तो अगर स्टोर्स की संख्या और बढ़ाने पर प्रीमियम डिवाइस मार्केट में इसकी हिस्सेदारी और बढ़ेगी।
क्या है एपल की स्ट्रैटेजी?
एपल ने करीब 7 साल पहले वर्ष 2017 में भारत में आईफोन बनाना शुरू किया था। अब यह आईफोन15, आईफोन15 प्लस, आईफोन14 और आईफोन14 प्लस, और आईफोन13 बना रही है। अब कंपनी ने अपने कॉन्ट्रैक्ट मैनुफैक्चरिंग पार्टनर्स फॉक्सकॉन और पेगाट्रन के जरिए आईफोन16 प्रो और आईफोन16 प्रो मैक्स बनाना शुरू कर दिया है जो जल्द ही स्थानीय ग्राहकों और कुछ देशों में निर्यात के लिए उपलब्ध हो जाएगा। मनीकंट्रो को सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक आईफोन16, आईफोन16 प्लस और प्रो मैक्स मॉडल्स फॉक्सकॉन बना रही है जबकि पेगाट्रन आईफोन16, आईफोन16 प्लस और प्रो मॉडल बना रही है। टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स आईफोन 16 के बेस मॉडल बना रही है।
आईडीसी इंडिया के एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट के मुताबिक अब सिर्फ ये देखना है कि बढ़ती घरेलू मांग और निर्यात के हिसाब से यह कितनी तेजी से उत्पादन बढ़ा सकती है। आईडीसी का अनुमान है कि इस साल कंपनी 1.2 करोड़ से 1.25 करोड़ आईफोन बेच सकती है जोकि पिछले साल के मुकाबले करीब 25 फीसदी अधिक होगा।
कंपनी के विस्तार से रोजगार को भी बढ़ावा मिलेगा। अभी इसके 3 हजार से अधिक एंप्लॉयीज हैं। फॉक्सकॉन, पेगाट्रन और टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और अन्य कंपनियों के साथ प्रोडक्शन से जुड़े काम के लिए इंडियन सप्लायर्स भी देश भर में सैकड़ों-हजारों नौकरियों के मौके तैयार कर रही हैं। वैसे सरकार एपल को आईफोन के बाद अब बाकी पूरी प्रोडक्ट रेंज भी भारत में ही बनाने के लिए प्रोत्साहित कर रही है। एपल का लक्ष्य भारत में अपना प्रोडक्शन बेस बढ़ाकर तीन से चार साल में एक-चौथाई आईफोन यहीं बनाने की है। अभी 14 फीसदी आईफोन ही यहीं बनते हैं। इकनॉमिक सर्वे 2023-24 के मुताबिक पिछले वित्त वर्ष 2024 में कंपनी ने 1400 करोड़ डॉलर के आईफोन भारत में असेंबल किए थे जो इसके वैश्विक आईफोन उत्पादन का करीब 14 फीसदी है।