BharatPe के पूर्व कोफाउंडर अशनीर ग्रोवर (Ashneer Grover) ने अपने साथी कोफाउंडर और मौजूदा वक्त में OTPless के सीईओ भाविक कोलाडिया पर डेटा चोरी करने का आरोप लगाया है। अशनीर ने नेशनल पेमेंट काउंसिल और BharatPe के इंडिपेंडेट डायरेक्टर कौशिक दत्ता को लिखे एक ईमेल में भाविक कोलाडिया पर डाटा चोरी करने का आरोप लगाया है।
अपने मेल में क्या लिखा अशनीर ने
अपने मेल में अशनीर ने लिखा कि कोलाडिया को भारत पे को भुनाने का मौका देना एक बड़ी और गंभीर गलती थी। उसने भारत में अभी तक की सबसे बड़ी डेटा चोरी को अंजाम दिया है। भाविक को पहले अमेरिका में भी क्रेडिट कार्ड धोखाधड़ी के लिए दोषी ठहराया गया था। जहां पर उसे 18 महीनों तक नजरबंद रखने के बाद भारत वापस भेज दिया गया था। भारत में, उसके खिलाफ दिल्ली हवाई अड्डे पर एक प्राथमिकी भी दर्ज है क्योंकि उसने जाली टिकट पर गुजरात की यात्रा करने का प्रयास किया था। अशनीर ने अपने ईमेल में आरोपों से जुड़े दस्तावेजों को भी संलग्न किया है।
भाविक ने अशनीर के आरोपों को बताया झूठा
मनीकंट्रोल से हुई बातचीत में भाविक कोलाडिया ने अशनीर के आरोपों को गलत बताया है। भाविक ने कहा कि मैं अशनीर ग्रोवर द्वारा लगाए गए आरोपों का दृढ़ता से खंडन करता हूं। यह भारत पे से उनको हटाए जाने और दिल्ली हाई कोर्ट में मेरे द्वारा उनके खिलाफ किए गए मुकदमे की निराशा और हताशा को दर्शाता है। मैं अपने यूजर्स की सेफ्टी और इंफॉर्मेशन को काफी गंभीरता से लेता हूं। हालांकि इस मामले में मेरे लिए चिंता वाली कोई बात नहीं है क्योंकि ग्रोवर के दावे पूरी तरह से झूठे और बेबुनियाद हैं।
BharatPe ने भी आरोपों को बताया झूठा
वहीं मनीकंट्रोल के साथ बातचीत के दौरान BharatPe ने भी अशनीर के आरोपों को गलत ठहराया है। भारतपे ने कहा कि उसके ग्राहकों का डेटा पूरी तरह से सुरक्षित है। यह आरोप दुर्भावनापूर्ण और पूरी तरह से निराधार है। भारतपे अपने यूजर्स के डेटा की सुरक्षा के लिए हाई सेफ्टी मानकों का पालन करता है। OTPless हमारा सर्विस प्रोवाइडर है और व्हाट्सऐप के जरिए हमारे कस्टमर्स को वेरिफिकेशन की सर्विस देता है। इस सर्विस को हमारे 10 फीसदी से भी कम यूजर्स इस्तेमाल करते हैं।
OTPless एक ऐसा प्लेटफॉर्म है जो उपयोगकर्ताओं को व्हाट्सएप का उपयोग करके किसी भी वेबसाइट या प्लेटफॉर्म पर साइन इन करने की मंजूरी देता है। कंपनी के संस्थापकों में से एक और पहले सीईओ कोलाडिया ने साल 2021 में तन्मय सागर और सत्यम नथानी के साथ OTPless सर्विस को शुरू किया था।
अशनीर ने लगाई भाविक पर गंभीर आरोप
अशनीर ने अपने आरोप में कहा कि भाविक ने बहुत ही व्यवस्थित तरीके से धोखाधड़ी की है। उसने 2021 में अपनी पत्नी धरती कोलादिया के नाम पर 'ओटप्लेस सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड' के नाम से एक और कंपनी बनाई, जबकि वह भारतपे में था। उसने भारतपे के सभी डेटा को ओटीपीलेस में ट्रांसफर कर दिया। उस वक्त ओटीपीलेस में भारतपे में काम करने वाली कोर टीम को भी काम पर रखा गया था।
व्हिसिलब्लोअर की वजह से सामने आया मामला
अशनीर ने बताया कि एक व्हिसिलब्लोअर की वजह से यह मामला सामने आ सका। भारतपे के मौजूदा चेयरमैन रजनीश कुमार द्वारा उसे चुप कराया जा रहा है। ग्रोवर का यह भी दावा है कि BharatPe के सागर और नथानी अब OTPless के सह-संस्थापक हैं।