स्टॉक मार्केट में शानदार तेजी है। लेकिन, IPO मार्केट में ज्यााद हलचल नहीं दिख रही। खासकर वीसी के इनवेस्टमेंट वाले टेक स्टार्टअप्स आईपीओ लाने की जल्दबाजी में नहीं दिख रहे हैं। इसकी वजह यह है कि पिछले एक-डेढ़ साल में टेक स्टार्टअप्स के पब्लिक इश्यू को जिस तरह का रिस्पॉन्स मिला है, उसके चलते लॉस में चल रहे स्टार्टअप्स कोई रिस्क नहीं लेना चाहते हैं। पिछले एक साल में वेंचर कैपिटल के निवेश वाले कुछ ही यूनिकॉर्न ने आईपीओ मार्केट का रुख किया। फाइव स्टार बिजनेस फाइनेंस इसका एक उदाहरण है। हालांकि, यह दूसरे यूनिकॉर्न से अलग है, क्योंकि यह 40 साल पुरानी ट्रेडिशनल नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनी है। यह मुनाफा कमा रही है।
यूनिकॉर्न्स IPO लाने की जल्दबाजी में नहीं
2021 के मुकाबले इस बार हालात अलग दिख रहे हैं। तब स्टॉक मार्केट में तेजी के दौरान वीसी इनवेस्टमेंट वाले कई स्टार्ट्अप्स ने IPO मार्केट का रुख किया था। तब चार बड़े स्टार्टअप्स ने आईपीओ पेश किए थे। इस बार उस तरह की जल्दबाजी नहीं दिख रही है। ऑनलाइन फॉर्मेंसी प्लेटफॉर्म Pharmeasy की पेरेंट कंपनी API Holdings ने आईपीओ का प्लान वापस ले लिया है। सॉफ्टबैंक के निवेश वाले Firstcry ने पिछले साल आईपीओ पेश करने का प्लान बनाया था। लेकिन उसने अब तक SEBI के पास ड्राफ्ट पेपर्स सब्मिट नहीं किया है।
छह महीने में सिर्फ एक स्टार्टअप ने दिया आवेदन
पिछले छह महीनों में सिर्फ Honasa Consumer Ltd ने सेबी को ड्राफ्ट पेपर्स सब्मिट किया है। यह Mamaearth की पेरेंट कंपनी है। इसमें वीसी ने निवेश किया है। मनीकंट्रोल ने खबर दी थी कि Ola Electric ने इनवेस्टमेंट बैंकों के साथ आईपीओ के बारे में बातचीत शुरू की है। लेकिन, यह बातचीत अभी शुरुआती अवस्था में है। इसके बारे में कोई टाइमलाइन नहीं है। इस बीच, कई प्रमुख यूनिकॉर्न्स ने आईपीओ के प्लान के बारे में बताया था। OfBusiness, Pine Labs, Ola Cabs, PhonePe, Byju's और Unacademy ने 2023 या 2024 में आईपीओ लाने की बात कही थी।
स्टार्टअप्स अब समझने लगे हैं हकीकत
ऐसा लगता है कि Zomato, Paytm, PB Fintech सहित न्यू एज कंपनियों के आईपीओ के हश्र को देखने के बाद स्टार्टअप्स की सोच बदल रही है। उन्हें समझ आ रहा है कि उनकी बिजनेस और वैल्यूएशंस को लेकर पब्लिक शेयरहोल्डर्स की सोच अलग है। इस वजह से आईपीओ के प्लान को लेकर उनका शुरुआती उत्साह अब नहीं दिख रहा है।
प्रीमिमय के लिए अभी माहौल नहीं
IDBI Capital Markets के हेड ऑफ रिसर्च ए के प्रभाकर ने कहा, "जब कोई पीई इनवेस्टर एग्जिट करना चाहता है तो वह प्रीमियम (Valuations) की मांग करता है। प्रीमियम की मांग पूरी करने के लिए उत्साह का माहौल जरूरी है। अभी ऐसा दिख नहीं रहा है। हालांकि, स्टॉक मार्केट में तेजी का माहौल है।"