फिनटेक स्टार्टअप Slice ने ₹65 करोड़ का पहला ESOP बायबैक किया पूरा

स्लाइस ने बताया कि पूर्व और मौजूदा कर्मचारियों को मिलाकर, करीब 60 कर्मचारी इस बायबैक में हिस्सा लेने के लिए योग्य थे

अपडेटेड Feb 14, 2022 पर 2:53 PM
राजन बजाज, स्लाइस के फाउंडर और सीईओ

फिनटेक स्टार्टअप स्लाइस (Slice) ने सोमवार 14 जनवरी को बताया कि उसने 65 करोड़ रुपये का अपना पहला एंप्लॉयी स्टॉक ओनरशिप प्लान (ESOP) बायबैक पूरा कर लिया है। स्टार्टअप ने बताया कि पूर्व और मौजूदा कर्मचारियों को मिलाकर, करीब 60 कर्मचारी इस बायबैक में हिस्सा लेने के लिए योग्य थे।

टाइगर ग्लोबल के निवेश वाला यह फिनेटक स्टार्टअप फिलहाल युवाओं को ध्यान में रखकर एक वीजा कार्ड प्रदान करता है, जो ग्राहकों को उनके बिल को तीन किश्तों में पेमेंट करने की इजाजत देता है। पिछले साल जनवरी 2021 में स्लाइस जहां हर महीने 20 हजार कार्ड जारी करती थी, वहीं अब यह आंकड़ा बढ़कर 2 लाख प्रति माह तक पहुंच गया है, जो भारतीय युवाओं में क्रेडिट कार्ड की बढ़ती मांग को दिखाता है।

स्लाइस के फाउंडर और सीईओ राजन बजाज ने कहा, "हमारी टीम की कड़ी मेहनत और अथक जुनून ने हमारे तेज ग्रोथ में अहम भूमिका निभाई है। यह बायबैक योजना हमारी टीम को 'धन्यवाद' कहने का एक छोटा तरीका है, जिन्होंने स्लाइस के साथ-साथ एक बड़े फाइनेंशियल इकोसिस्टम में अपना योगदान दिया है।।"


स्लाइस ने कहा कि इस बायबैक योजना में योग्य मौजूदा और पूर्व कर्मचारियों को औसतन 1.2 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। बता दें कि स्लाइस देश के यूनिकॉर्न स्टार्टअप में से एक हैं।

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स्टार्टअप अच्छे टैलेंट को आकर्षित करने और उन्हें अपने साथ लंबे समय तक बनाए रखने के लिए ESOP को एक अहम टूल के रूप में जारी करते हैं। फिनटेक इंडस्ट्री में अच्छे टैलेंड के लिए इस समय मची होड़ के बीच, यह स्कीम और भी अहम हो गया है।

स्टार्टअप्स ने इस साल बजट में ESOPs के लिए के लिए कर ढांचे पर राहत मांगी थी, जिसे मंजूर नहीं किया गया। फिलहाल ESOPs पर दो बार टैक्स या कर लगता है। पहली बार जब इसे कोई कर्मचारी लेता है और दूसरी बार जब वह इसकी बिक्री करता है। स्टार्टअप इंडस्ट्री की मांग थी उन पर केवल बिक्री के समय टैक्स लगाया जाए, न कि इसे लेते समय।

हालांकि कई बार ESOP की इसलिए आलोचना भी होती है कि यह पर्याप्त लिक्विडिटी नहीं मुहैया कराना पड़ता है। यानी कि इसे बेचने के लिए एंप्लॉयी को कंपनी की तरफ से बायबैक ऑफर लाने का लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है। हालांकि साल 2021 में इस ट्रेंड में बदलाव देखने को मिला है। एक आंकड़े के मुताबिक, पिछले साल Cred, Swiggy, Byju's, Meesho, BharatPe, UpGrad सहित देश की कई स्टार्टअप्स ने करीब 44 करोड़ डॉलर के ESOP बायबैक का ऐलाान किया था, जो साल 2020 के मुकाबले 8 गुना ज्यादा था।

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