Commodity Market: कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट , US में 1 रात में 7% टूटा नेचुरल गैस का दाम

कच्चे तेल की गिरावट की वजह पर नजर डालें तो महंगाई के कारण कच्चे तेल के मांग पर दबाव देखने को मिल रहा है

अपडेटेड Oct 18, 2022 पर 11:47 AM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
ब्रेंट का भाव 92 डॉलर के नीचे फिसला है। 2 दिनों में ब्रेंट में करीब 3 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है।

कच्चे तेल की कीमतों में दबाव देखने को मिल रहा है। ब्रेंट का भाव 92 डॉलर के नीचे फिसला है। 2 दिनों में ब्रेंट में करीब 3 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है। वहीं WTI क्रूड का भाव 85 डॉलर के नीचे फिसला है। वहीं एमसीएक्स पर क्रूड 7100 के नीचे फिसला है। कच्चे तेल की गिरावट की वजह पर नजर डालें तो महंगाई के कारण कच्चे तेल के मांग पर दबाव देखने को मिल रहा है। वहीं चीन की जी-कोविड पॉलिसी ने भी कच्चे तेल की कीमतों में दबाव देखने को मिल रहा है।

ब्रेंट की चाल पर नजर डालें तो 1 हफ्ते में इसमें 3 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है जबकि 1 महीने में 1 फीसदी चढ़ा है। वहीं 1 साल में इसमें 8 फीसदी का रिटर्न देखने को मिला है। वहीं WTI की चाल पर नजर डालें तो 1 हफ्ते में इसमें 4 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है जबकि 1 महीने में 0.47 फीसदी चढ़ा है। वहीं 1 साल में इसमें 5 फीसदी का रिटर्न देखने को मिला है।

इन नियमों के उल्लंघन पर RBI सख्त, गुजरात और पुणे के दो बैंकों पर जुर्माना


नेचुरल गैस पर बढ़ा दबाव

इस बीच नेचुरल गैस पर भी दबाव बना हुआ है। इंटरनेशनल मार्केट में नेचुरल गैस का भाव गिरा है। अमेरिका में 1 रात में 7% की गिरावट आई है। अमेरिका में नेचुरल गैस का भाव 6 डॉलर प्रति mmBtu के नीचे फिसला है। अमेरिका में उत्पादन बढ़ने और मांग गिरने से नेचुरल गैस की कीमतों में दबाव देखने को मिल रहा है। वहीं यूरोप में नेचुरल गैस के दाम 16 हफ्तों के नीचे पहुंचे है। यूरोप में गैस स्टोरेज बढ़कर 91% हुआ है जबकि ब्रिटेन में गैस स्टोरेज 100% के करीब है।

यूएस में नेचुरल गैस की चाल पर नजर डालें तो 1 हफ्ते में इसमें 10 फीसदी की गिरावट आई है जबकि 1 महीने में यह 24 फीसदी टूटा है। वहीं 1 साल में इसमें 16 फीसदी की बढ़त देखने को मिली है। इसी तरह यूरोप में नेचुरल गैस 1 हफ्ते में इसमें 17 फीसदी की गिरावट आई है जबकि 1 महीने में यह 30 फीसदी टूटा है। वहीं 1 साल में इसमें 36 फीसदी की बढ़त देखने को मिली है।

1 हफ्ते में यूके में नेचुरल गैस की कीमतो में 18 फीसदी की गिरावट आई है। जबकि 1 महीने में भी यह 18 फीसदी टूटा है। वहीं 1 साल में इशमें 2 फीसदी की गिरावट देखने को मिली है। जबकि भारत में नेचुरल गैस की चाल पर नजर डालें तो 1 हफ्ते में इसमें 8 फीसदी की गिरावट आई है जबकि 1 महीने में यह 13 फीसदी टूटा है। वहीं 1 साल में इसमें 19 फीसदी की बढ़त देखने को मिली है।

 

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।