बेंगलुरु से अयोध्या आ रही अकाशा एयरलाइंस के फ्लाइट नंबर 1821 में बम की जानकारी मिली, तो हर कोई हरकत में आ गया। महर्षि बाल्मीकि एयरपोर्ट पर फ्लाइट के उतरने से पहले ही इमरजेंसी मीटिंग हुई और उसके बाद 1:50 पर फ्लाइट जैसे ही एयरपोर्ट पर उतरी सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत यात्रियों को निकाला और विमान को सुरक्षित जगह पर ले गए। फ्लाइट नंबर 1821 में मौजूद 173 यात्रियों की स्कैनिंग और जांच के बाद विमान और उसमें मौजूद सामानों की जांच की गई। इस प्रकिया में करीब 50 मिनट लगे। हालांकि, सुखद यह रहा कि प्लेन में बम की सूचना महज अफवाह निकली।
पिछले 15 दिनों में यह दूसरा मौका है, जब अयोध्या के महर्षि वाल्मीकि एयरपोर्ट पर विमान में बम की जानकारी मिली है। फ्लाइट में यात्रा कर रहे यात्रियों ने कहा कि 40 मिनट पहले हमें बताया गया कि कोई सिक्योरिटी थ्रेट है, जिसके कारण जल्दी से लैंडिंग करनी पड़ेगी, क्योंकि अयोध्या पास है, तो अयोध्या में ही लैंडिंग करनी होगी।
तुरंत लैंड कराई गई फ्लाइट
उसके बाद फ्लाइट तुरंत लैंड कराई। पायलट ने फिर फ्लाइट में सभी का सामान चेक किया, ये देखा कि सभी सामान के ओनर फ्लाइट में है या नहीं।
उन्होंने आगे बताया, "लैंड होने के बाद तीन बार फिर चेकिंग हुई और सिक्योरिटी चेक्स और मल्टीप्ल राउंड चेकिंग के बाद हमें रोक रखा था। काफी देर से इंतजार कर रहे हैं। सामान आ जाए तभी निकलने देंगे। वैसे तो कोई कोई पैनिक नहीं हुआ, फ्लाइट में शांति बनी रही लेकिन सब घबरा तो गए ही थे।
महर्षि वाल्मीकि इंटरनेशनल एयरपोर्ट के डायरेक्टर विनोद कुमार ने बताया कि महर्षि बाल्मीकि एयरपोर्ट अभी चेकिंग चल रही है। अकाशा एयर की फ्लाइट जो बेंगलुरु से अयोध्या आ रही थी। उसके अंदर बम थ्रेट कॉल थी। खबर लिखे जाने तक चेकिंग चल रही थी।
सभी यात्रियों को सुरक्षित जगह ले जाया गया
उन्होंने बताया कि पैसेंजर को हम बिल्डिंग के अंदर ले आए हैं। रैंडमली जांच करके जहाज की जांच हो रही है। बिल्कुल यह गलत सूचना होगी उसके बाद जहाज को रवाना कर दिया जाएगा। इसमें 173 यात्री हैं सभी यात्रियों को हम बिल्डिंग के अंदर ले आए हैं।
अधिकारी ने कहा इस तरह की फेक कॉल लगातार पूरे देश में चली रही है। ज्यादातर सूचनाएं गलत निकल रही हैं उम्मीद करते हैं कि अभी सूचना शायद गलत होगी, लेकिन जो प्रक्रिया होती है, उसे हमें पालन करना बहुत जरूरी है। हम लोग बिल्कुल सतर्क हैं।
जहाज यहां पर 1:50 पर लैंड कर गया। इसको हम आइसोलेशन के लिए गेट नंबर 8 तरफ लेकर गए। पैसेंजर को पहले ही उतार लिया गया था। उनके सामान की जांच चल रही है। हमारी जांच टीम पहुंच गई है। जहाज की गहन जांच होने के बाद ही क्लियर कर दिया जाएगा