Manmohan Singh Death News: पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के निधन पर अमेरिका, फ्रांस, कनाडा और श्रीलंका सहित दुनिया भर के नेताओं ने शोक व्यक्त किया है। नेपाल, मालदीव तथा अफगानिस्तान सहित पड़ोसी देशों के नेताओं ने सिंह के निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए उनके योगदान और सिंह के साथ उनके देशों के मधुर संबंधों को याद किया। भारत में आर्थिक सुधारों के जनक मनमोहन सिंह का 26 दिसंबर की रात 92 साल की उम्र में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में निधन हो गया। उनके परिवार में उनकी पत्नी गुरशरण कौर और तीन बेटियां हैं। सिंह की पत्नी इतिहास की प्रोफेसर रही हैं। उनका अंतिम संस्कार 28 दिसंबर को किया जाएगा।
वैश्विक मीडिया ने क्या कहा?
अमेरिका अखबार 'न्यूयॉर्क टाइम्स' ने मनमोहन सिंह को एक "मृदुभाषी" और "बुद्धिमान" नेता बताया। अमेरिकी अखबार ने दिवंगत कांग्रेस नेता को "उन दूरगामी परिवर्तनों का श्रेय दिया, जिन्होंने उनके देश को चीन के साथ प्रतिस्पर्धा करने में सक्षम एक आर्थिक महाशक्ति के रूप में उभरने में मदद की।" रिपोर्ट में घरेलू आतंकवाद (विशेषकर 2008 के मुंबई आतंकवादी हमले) तथा 2009 से 2014 तक के उनके दूसरे कार्यकाल के दौरान भ्रष्टाचार घोटालों से निपटने के लिए सिंह प्रशासन की आलोचना पर भी प्रकाश डाला गया।
अमेरिका स्थित समाचार एजेंसी एसोसिएटेड प्रेस (AP) ने भारतीय राजनीति में मनमोहन सिंह की यात्रा का खाका खींचा, जिसमें बताया गया कि कैसे प्रधानमंत्री द्वारा 1991 में किए गए आर्थिक सुधारों ने भारत में "संभावित आर्थिक संकट को टाल दिया"। इसके अलावा 'वाशिंगटन पोस्ट' ने सिंह के एक टेक्नोक्रेट से प्रधानमंत्री बनने के नाटकीय उदय को याद किया, तथा उन्हें भारत-अमेरिका संबंधों को मजबूत करने का श्रेय दिया।
अखबार ने 2005 के ऐतिहासिक भारत-अमेरिका असैन्य परमाणु समझौते का उल्लेख किया तथा राष्ट्रपति बराक ओबामा द्वारा अमेरिका-भारत संबंधों को "21वीं सदी के परिभाषित संबंधों में से एक" के रूप में वर्णित करने का उल्लेख किया। न्यूज एजेंसी 'रॉयटर्स' ने सिंह को "अनिच्छुक प्रधानमंत्री" के रूप में वर्णित किया, जो भारत के सबसे सफल नेताओं में से एक के रूप में उभरे। दुनिया की प्रसिद्ध एजेंसी ने भारत की तीव्र आर्थिक वृद्धि तथा लाखों लोगों को गरीबी से बाहर निकालने का श्रेय सिंह को दिया। इसने केंद्र में गठबंधन सरकार चलाते समय सिंह के सामने आने वाली चुनौतियों का भी उल्लेख किया।
दोहा स्थित समाचार चैनल 'अल जजीरा' ने सिंह को एक "सौम्य स्वभाव वाले टेक्नोक्रेट" और महान व्यक्तिगत ईमानदारी वाले नेता के रूप में दर्शाया। चैनल ने उनके ऐतिहासिक आर्थिक सुधारों का उल्लेख किया। इसने 2014 में उनके शब्दों का भी उल्लेख किया, "मैं ईमानदारी से मानता हूं कि इतिहास मेरे लिए समकालीन मीडिया या संसद में विपक्षी दलों की तुलना में अधिक दयालु होगा।"
अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा, "डॉ. सिंह अमेरिका-भारत रणनीतिक साझेदारी के सबसे बड़े समर्थकों में से एक थे और पिछले दो दशकों में हमारे देशों द्वारा मिलकर हासिल की गई अधिकतर उपलब्धियों की उन्होंने नींव रखी थी।" सिंह के निधन पर भारत के लोगों के प्रति हार्दिक संवेदना व्यक्त करते हुए ब्लिंकन ने कहा कि अमेरिका-भारत असैन्य परमाणु सहयोग समझौते को आगे बढ़ाने में पूर्व प्रधानमंत्री का नेतृत्व अमेरिका-भारत संबंधों की क्षमता में एक बड़े निवेश का प्रतीक है।
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शुक्रवार को कहा कि "भारत ने एक महान व्यक्ति खो दिया है"। मैक्रों ने X पर लिखा, "भारत ने एक महान व्यक्ति और फ्रांस ने डॉ. मनमोहन सिंह के रूप में एक सच्चा मित्र खो दिया है। उन्होंने अपना जीवन अपने देश के लिए समर्पित कर दिया। हमारी संवेदनाएं उनके परिवार और भारत के लोगों के साथ हैं।"
कनाडा के पूर्व प्रधानमंत्री स्टीफन हार्पर ने कहा, "सिंह, असाधारण बुद्धिमत्ता, ईमानदारी और ज्ञान के धनी व्यक्ति थे। लॉरेन और मैं उनके परिवार तथा दोस्तों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करते हैं।" नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री पुष्प कमल दाहाल प्रचंड ने X पर एक पोस्ट में कहा, "एक दूरदर्शी नेता और असाधारण राजनेता डॉ. मनमोहन सिंह के निधन से गहरा दुख हुआ। उनके परिवार और भारत के लोगों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदना।"
मालदीव के पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद ने कहा, "मनमोहन सिंह के निधन की खबर सुनकर बहुत दुख हुआ। मुझे उनके साथ काम करना हमेशा अच्छा लगता था और वह एक दयालु पिता की तरह थे। वह मालदीव के अच्छे मित्र थे।" श्रीलंका के पूर्व राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे ने उन्हें 'एक दूरदर्शी अर्थशास्त्री और भारत के आर्थिक सुधारों का जनक' कहा। अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई ने X पर एक पोस्ट में कहा कि भारत ने अपने सबसे शानदार पुत्रों में से एक को खो दिया है। मलेशिया के पूर्व उप-प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम ने भी सिंह को श्रद्धांजलि दी।