Assembly Elections 2023: चुनाव आयोग (EC) ने मंगलवार को एक नोटिफिकेशन जारी कर 7 नवंबर की सुबह 7 बजे से 30 नवंबर की शाम 6.30 बजे तक एग्जिट पोल (Exit Poll) दिखाने, छापने और उनके प्रचार पर रोक लगा दी है। पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव (Assembly Elections) होने हैं और उसी के मद्देनजर ये फैसला लिया गया है। छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) में दो चरणों में 7 नवंबर और 17 नवंबर को मतदान होगा। मिजोरम (Mizoram) में 7 नवंबर, मध्य प्रदेश (MP) में 17 नवंबर, राजस्थान (Rajasthan) में 25 नवंबर और तेलंगाना में 30 नवंबर को मतदान होगा।
चुनावी कानून के प्रावधानों का हवाला देते हुए, चुनाव आयोग ने कहा कि "कोई भी व्यक्ति जो इस धारा के प्रावधानों का उल्लंघन करता है, उसे दो साल तक की कैद या जुर्माना या दोनों से दंडित किया जा सकता है।"
इसने 7 नवंबर, 2023 (मंगलवार) को सुबह 7:00 बजे से 30 नवंबर, 2023 (गुरुवार) को शाम 6.30 बजे के बीच के समय को उस अवधि के रूप में माना गया है, जिसके दौरान प्रिंट या इलेक्ट्रॉनिक मीडिया या प्रसार के जरिए नागालैंड के उपचुनाव और पांच विधानसभा के चुनावों से जुड़े कैसे भी एग्जिट पोल करने और प्रकाशित करने या प्रचारित करने पर रोक होगी।
जैसा कि आप नाम से अनुमान लगा सकते हैं, एग्जिट पोल एक ऐसा सर्वे है, जिसमें वोट डालने के तुरंत बाद मतदान केंद्र से बाहर निकल रहे मतदाताओं से पूछा जाता है कि उन्होंने किसे वोट दिया।
हालांकि, कई बार इस तरह से के सवाल भी उठते हैं कि जब कुछ ही घंटों या दिनों में वास्तविक परिणाम मिल जाते हैं, तो फिर एग्जिट पोल का क्या मतलब है?
इसके भी कई प्वाइंट हैं- पहला, क्योंकि चुनाव बड़ी, प्रभावशाली चीजें हैं। इसलिए लोगों का ये मानवीय स्वभाव है कि वे जल्द से जल्द परिणाम जानना चाहते हैं। साथ ही, पूरी रात चुनाव कवरेज की मांग के साथ, एग्जिट पोल के नतीजे मीडिया के लिए थोड़ा प्रसारण समय भरने के लिए काफी उपयोगी होते हैं।
लेकिन इससे भी अहम बात ये है कि मतदाता अपना वास्तविक वोट गुमनाम रूप से डालते हैं, इसलिए आपको एग्जिट पोल से बहुत ज्यादा डिटेल मिल जाती है।