इस साल चैंपिंयंस ट्रॉफी की मेजबानी पाकिस्तान के पास है। ऐसे में आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी की सुरक्षा लगातार संदेह के घेरे में है। भारतीय क्रिकेट बोर्ड यानी बीसीसीआई ने पहले ही टीम इंडिया को सुरक्षा कारणों के चलते पाकिस्तान दौरा करने की अनुमति नहीं दी थी। जिसकी वजह से टीम इंडिया के सारे मैच दुबई में हो रहे हैं। इस बीच पाकिस्तान के रावलपिंडी में न्यूजीलैंड और बांग्लादेश के बीच मैच खेला जा रहा था। तभी एक आतंकवादी बतौर दर्शक मैदान में घुस गया। इसके बाद तो हद ये हो गई कि आतंकी पिच पर पहुंच गया और न्यूजीलैंड के खिलाड़ी रचिन रवींद्र को जबरन गले लगाने लगा। इस घटना ने पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिच पर पहुंचा शख्स इस्लामी पार्टी तहरीक ए लब्बैक पाकिस्तान का समर्थक है। इस घटना के बाद पाकिस्तान में मौजूद खिलाड़ियों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए जाने लगे हैं। हर कोई यही पूछ रहा है कि क्या यही पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था है। बता दें कि साल 2009 में पाकिस्तान आई श्रीलंकाई क्रिकेट टीम पर हमले हो चुके हैं। उस हमले में कई खिलाड़ी घायल हुए थे।
एक रिपोर्ट के मुताबिक, मैदान में घुसने वाला दर्शक प्रतिबंधित इस्लामी पार्टी तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) का समर्थक था। साल 2021 में पाकिस्तान सरकार ने TLP पर प्रतिबंध लगा दिया था। दर्शक ने रचिन को गले लगाने के बाद TLP नेता साद रिजवी की तस्वीर दिखाई। सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए दर्शक को मैदान से बाहर कर दिया। रचिन रविंद्र पर इस घटना का कोई असर नहीं पड़ा। वे अपनी पारी खेलते रहे और टीम को जीत की ओर ले गए। आतंकवादी की इस हरकत से रचिन समेत कई खिलाड़ियों के बीच सुरक्षा को लेकर डर बना हुआ है। हर किसी की जुबां पर एक ही सवाल है कि क्या यही पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था है?
पाकिस्तान में आतंकवादियों का खतरा
पाकिस्तान में चैंपियंस ट्रॉफी के तहत अभी लगभग 10 मैच होना है। आतंकवादी संगठन आईएसआईएस के मुखिया अब्दुल कादिर मुमीम की पाकिस्तान यात्रा को इन हमलों से जोड़कर देखा जा रहा है। पाकिस्तानी सुरक्षा बलों ने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने का दावा किया है। उधर पाकिस्तानी इंटेलिजेंस ब्यूरो ने देश में चल रही चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान आतंकी खतरे का अर्लट जारी किया है। इंटेलिजेंस के मुताबिक आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट खुरासान (ISIS-K) विदेशी नागरिकों को अगवा करने का प्लान कर रहा है। यह संगठन टूर्नामेंट देखने आ रहे विदेश दर्शकों का अपहरण फिरौती के लिए कर सकता है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ISIS-K के मेंबर्स एयरपोर्ट, दफ्तरों और बंदरगाहों के साथ-साथ रिहायशी ठिकानों पर भी नजर बनाए हुए हैं, जहां विदेशी नागरिक लगातार आ-जा रहे हैं।