अमेजन प्राइम वीडियो (Amazon Prime Video) पर रिलीज हुई वेब सीरीज तांडव (Tandav) को लेकर जारी विवाद अभी खत्म भी नहीं हुआ था और अब चर्चित वेब सीरीज मिर्जापुर (Mirzapur) के निर्माताओं को सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने नोटिस जारी किया है। मिर्जापुर के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने और स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म अमेजन प्राइम वीडियो और वेब सीरीज के निर्माता को नोटिस जारी किया। कोर्ट ने कहा है कि इस मामले की सुनवाई सभी OTT प्लेटफॉर्म की सामग्री पर नियंत्रण की मांग करने वाली याचिका के साथ होगी। उस मामले पर पहले ही नोटिस जारी हो चुका है।

यह याचिका मिर्जापुर के एक स्थानीय निवासी ने दाखिल की है। याचिका में OTT प्लेटफार्म पर आ रही फिल्मों के कंटेट को रेगुलेट करने की मांग की गई है। साथ ही उत्तर प्रदेश के शहर मिर्जापुर की छवि को बदनाम करने का आरोप लगाया गया है। ये भी आरोप लगाया गया है कि एक युवक को इसलिए दूसरे राज्य में नौकरी नहीं मिली क्योंकि वो मिर्जापुर का रहने वाला था। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया एस ए बोबडे, जस्टिस एएस बोपन्ना और वी रामा सुब्रमण्यम की बेंच ने नोटिस जारी किया है।

उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले के चिलबिलिया भुइली निवासी अरविंद चतुर्वेदी ने सीरीज के निर्माताओं के खिलाफ शिकायत भी दर्ज कराई है। लोगों का आरोप है कि सीरीज में मिर्जापुर को गलत ढंग से पेश किया गया है। इससे इस जगह की छवि खराब हुई है और धार्मिक, क्षेत्रीय व सामाजिक भावनाओं को ठेस पहुंचाया गया है। मामले में वेब सीरीज से जुड़े रितेश साधवानी, फरहान अख्तर और भौमिक गोडलिया और अमेजन प्राइम वीडियो पर मुकदमा भी दर्ज किया गया है।

इससे पहले इस वेब सीरीज के खिलाफ उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जनपद में केस दर्ज किया जा चुका है। जनपद के चिलबिलिया निवासी अरविंद चतुर्वेदी ने ये शिकायत दर्ज कराई है। याचिकाकर्ता कुमार ने अपनी अर्जी में कहा है कि वेब सीरीज में मिर्जापुर शहर को आतंकी और अवैध गतिविधियों वाला शहर दिखाया गया है। आरोप है कि ये वेब सीरीज समाज में वैमनस्य फैला रहा है और इसमें गाली-गलौज और नाजायज संबंध से जुड़े कंटेंट दिखाए गए हैं। यह जनपद और उत्तर प्रदेश की छवि को खराब करता है। 

सोशल मीडिया अपडेट्स के लिए हमें Facebook (https://www.facebook.com/moneycontrolhindi/) और Twitter (https://twitter.com/MoneycontrolH) पर फॉलो करें।