IREDA IPO : सरकारी कंपनी इंडियन रिन्यूएबल एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी (IREDA) अपना आईपीओ लाने जा रही है। कंपनी ने इसके लिए मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) के पास ड्राफ्ट पेपर दाखिल कर दिया है। पिछले साल मई में लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन (LIC) के पब्लिक इश्यू के बाद यह किसी पब्लिक सेक्टर कंपनी का पहला आईपीओ है। यह आईपीओ 67.19 करोड़ इक्विटी शेयरों का है, जिसमें 40.31 करोड़ फ्रेश इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। इसके अलावा, भारत सरकार द्वारा 26.88 करोड़ शेयरों की बिक्री ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत की जाएगी।
नेट फ्रेश इश्यू से होने वाली आय का इस्तेमाल मुख्य रूप से भविष्य की पूंजी जरूरतों को पूरा करने के लिए कैपिटल बेस को बढ़ाने के लिए किया जाएगा। जून 2023 तक नॉन-डिपॉजिट टेकिंग नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनी का कैपिटल एडिक्वेसी रेश्यो 17.17 फीसदी (टियर-1 कैपिटल), 2.78 फीसदी (टियर-2 कैपिटल) और 19.95 फीसदी (CRAR) है। CRAR कैपिटल टू रिस्क (weighted) एसेट्स रेश्यो है।
इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस कंपनी का दर्जा प्राप्त IREDA नई और रिन्यूएबल एनर्जी (RE) प्रोजेक्ट्स और एनर्जी एफिशिएंसी और कंजर्वेशन (EEC) प्रोजेक्ट्स के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करता है। आईडीबीआई कैपिटल मार्केट्स एंड सिक्योरिटीज, बीओबी कैपिटल मार्केट्स और एसबीआई कैपिटल मार्केट्स इस इश्यू के मर्चेंट बैंकर हैं।
जून 2023 तक कंपनी का बकाया टर्म लोन FY21-FY23 के दौरान 30 फीसदी की CAGR से बढ़कर 47,075.5 करोड़ रुपये हो गया और वित्त वर्ष 24 की जून तिमाही के अंत में 47,206.66 करोड़ रुपये हो गया। मार्च FY23 को समाप्त वर्ष के लिए नेट प्रॉफिट FY21-FY23 के दौरान 58 फीसदी की CAGR से बढ़कर 864.63 करोड़ रुपये हो गया, जबकि Q1FY24 में यह 294.6 करोड़ रुपये था।
वित्त वर्ष 2023 में नेट इंटरेस्ट इनकम सालाना 17.4 फीसदी बढ़कर 1,323.8 करोड़ रुपये हो गई। वहीं, FY24 की पहली तिमाही में यह 383 करोड़ रुपये रही। लेकिन नेट इंटरेस्ट मार्जिन FY23 में घटकर 3.32 फीसदी हो गया, जो पिछले वर्ष 3.75 फीसदी था और जून FY24 को समाप्त तिमाही में 0.83 फीसदी पर रहा।