MobiKwik IPO Subscription status: वन मोबिक्विक सिस्टम्स लिमिटेड के आईपीओ को निवेशकों का तगड़ा रिस्पॉन्स मिल रहा है। यह पब्लिक इश्यू आज 11 दिसंबर को खुलने के पहले घंटे के भीतर ही पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया। सब्सक्रिप्शन के पहले दिन यह इश्यू 7.32 गुना सब्सक्राइब हो गया है। इसे कुल 8.69 करोड़ शेयरों के लिए बोलियां मिल गई है, जबकि ऑफर पर 1.18 करोड़ शेयर हैं। इस आईपीओ में 13 दिसंबर तक पैसे लगाए जा सकेंगे। IPO के लिए प्राइस बैंड 265-279 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है।
MobiKwik IPO: सब्सक्रिप्शन से जुड़ी डिटेल
क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) - 0.02 गुना
रिटेल इनवेस्टर्स - 26.75 गुना
(BSE, 11 Dec 2024 | 05:00:00 PM)
वन मोबिक्विक सिस्टम्स के आईपीओ को ग्रे मार्केट में तगड़ा रिस्पॉन्स मिल रहा है। आज यह पब्लिक इश्यू अनलिस्टेड मार्केट में 136 रुपये के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। इस हिसाब से कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग 415 रुपये के भाव पर होने की संभावना है। अगर ऐसा होता है तो निवेशकों को करीब 49 फीसदी का तगड़ा मुनाफा होगा। हालांकि, ध्यान रहे कि ग्रे मार्केट में स्थिति लगातार बदलती रहती है।
MobiKwik IPO का प्राइस बैंड और लॉट साइज
IPO के लिए प्राइस बैंड 265-279 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। लॉट साइज 53 शेयर है। IPO में केवल 2.05 करोड़ नए शेयर जारी होंगे। कंपनी ने IPO में नए शेयरों को जारी कर हासिल होने वाले पैसों का इस्तेमाल विभिन्न उद्देश्यों के लिए करने की योजना बनाई है। इनमें कंपनी के फाइनेंशियल सर्विसेज बिजनेस में ऑर्गेनिक ग्रोथ के लिए 150 करोड़ रुपये, पेमेंट सर्विसेज के विस्तार के लिए 135 करोड़ रुपये; एआई, मशीन लर्निंग और टेक्नोलॉजी में रिसर्च और डेवलपमेंट के लिए 107 करोड़ रुपये और पेमेंट डिवाइसेज पर पूंजीगत व्यय के लिए 70.2 करोड़ रुपये का खर्च शामिल है।
मई 2024 तक मोबिक्विक भारत में सबसे बड़ी मोबाइल वॉलेट कंपनी थी। कंपनी अपने शुरुआती वॉलेट संचालन से आगे बढ़कर कई तरह की वित्तीय सेवाएं देने लगी है, जिसमें मोबिक्विक ZIP और ZIP EMI जैसे क्रेडिट प्रोडक्ट्स; अपने वॉलेट, UPI और Zaakpay के जरिए डिजिटल पेमेंट और मोबिक्विक एक्स्ट्रा के जरिए पीयर-टू-पीयर लेंडिंग शामिल हैं।
Mobikwik की वित्तीय स्थिति
वित्त वर्ष 2024 के लिए फर्म ने 875 करोड़ रुपये का रेवेन्यू दर्ज किया। एक साल पहले रेवेन्यू 539.46 करोड़ रुपये था। शुद्ध लाभ 14.08 करोड़ रुपये रहा, जबकि वित्त वर्ष 2023 में कंपनी को 83.81 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। अप्रैल-जून 2024 तिमाही में मोबिक्विक ने 6.62 करोड़ रुपये के शुद्ध घाटे के साथ 342.27 करोड़ रुपये का रेवेन्यू दर्ज किया।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।