सितंबर में घटा IPOs से मुनाफा, औसत प्रीमियम में आई 10% तक कमी, क्या ऊंचा वैल्यूएशन है जिम्मेदार?

दलाल स्ट्रीट पर लॉन्च होने वाले इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) की संख्या सितंबर में बढ़ी है। हालांकि आंकड़ों से पता चलता है कि इस महीने IPO की लिस्टिंग पर मिलने वाला औसत लाभ घटकर 18 प्रतिशत पर आ गया है, जो एक महीने पहले अगस्त में 28 फीसदी था। कुछ IPOs काफी आक्रामक वैल्यूएशन पर लॉन्च किया जा रहा है, जिसके चलते इनके प्रीमियम में कमी आई है

अपडेटेड Sep 29, 2023 पर 5:39 PM
सितंबर में 10 से अधिक कंपनियों ने शेयर बाजार में डेब्यू किया है

दलाल स्ट्रीट पर लॉन्च होने वाले इनीशियल पब्लिक ऑफर (IPO) की संख्या सितंबर में बढ़ी है। हालांकि आंकड़ों से पता चलता है कि इस महीने IPO की लिस्टिंग पर मिलने वाला औसत लाभ घटकर 18 प्रतिशत पर आ गया है, जो एक महीने पहले अगस्त में 28 फीसदी था। एनालिस्ट्स ने कहा कि IPOs इश्यू को काफी आक्रामक वैल्यूएशन पर लॉन्च किया जा रहा है, जिसके चलते इनके प्रीमियम में कमी आई है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि नई लिस्टिंग का आने वाले दिनों में भविष्य मार्केट के ओवरऑल सेंटीमेंट पर निर्भर करेगा।

पिछले सप्ताह में, बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी में 1 प्रतिशत की गिरावट आई है, जबकि BSE मिडकैप इंडेक्स 0.2 प्रतिशत नीचे और बीएसई स्मॉलकैप इंडेक्स 0.8 प्रतिशत ऊपर था।

इन कारणों से IPO प्रीमियम पर पड़ा असर

HDFC सिक्योरिटीज के रिसर्च एनालिस्ट प्रमुख, दीपक जसानी ने नई लिस्टेड कंपनियों के प्रीमियम में आई कमजोरी को बताते हुए कहा कि बाजार में इस समय मोटे तौर पर थकान के संकेत दिख रहे हैं। उन्होंने कहा, “सितंबर में मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों भारी बिकवाली दिखी, जिसके चलते इस महीने रिटर्न कमजोर रहा। साथ ही ऊंचे वैल्यूएशन पर लॉन्च होने वाले पब्लिक इश्यू को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।"


दूसरी ओर, राइट रिसर्च की फाउंडर सोनम श्रीवास्तव ने कहा कि विदेशी में मॉनिटरी पॉलिसी सख्त होने की आशंकाओं के बीच निवेशकों का सेंटीमेंट कमजोर हुआ है, जो प्रीमियम में गिरावट का मुख्य कारण है। उन्होंने यह भी कहा कि मार्केट वैल्यूएन को लेकर संदेह बढ़ रहा है, जिसमें कुछ IPO को महंगा माना जा रहा है।

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आंकड़ों से पता चलता है कि सितंबर में 10 से अधिक कंपनियों ने शेयर बाजार में डेब्यू किया है, जिसमें जुपिटर लाइफ हॉस्पिटल्स और विष्णु प्रकाश आर पुंगलिया ने अपने लिस्टिंग पर निवेशकों को आईपीओ प्राइस से करीब 46 प्रतिशत तक का मुनाफा कराया। सितंबर में सबसे अधिक प्रीमयिम के साथ लिस्ट हुईं टॉप-5 कंपनियों को आप नीचे देख सकते हैं-

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इस बीच अगस्त में, करीब 6 मेनबोर्ड कंपनियां एक्सचेंजों पर सूचीबद्ध हुईं। HSBC फाइनेंस का शेयर करीब 61 प्रतिशत के लिस्टिंग गेन के साथ सूचीबद्ध हुआ था। इसके बाद इस लिस्ट में एयरोफ्लेक्स इंडस्ट्रीज (51 प्रतिशत ऊपर) और कॉनकॉर्ड बायोटेक (27 प्रतिशत ऊपर) का स्थान रहा। अगस्त में सबसे अधिक प्रीमयिम के साथ लिस्ट हुईं टॉप-5 कंपनियों को आप नीचे देख सकते हैं-

Top 5 gainers on their respective listing days in August

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