Ola Electric IPO: नेगेटिव हुआ ओला इलेक्ट्रिक का GMP, एक्सपर्ट्स ने भी कमजोर लिस्टिंग की जताई उम्मीद

Ola Electric IPO: ओला इलेक्ट्रिक के ग्रे मार्केट प्रीमियम यानी GMP में लगातार गिरावट देखी गई। अब यह लिस्टिंग से एक दिन पहले नेगेटिव हो गया है। आज 8 अगस्त को आईपीओ का GMP घटते-घटते -3 रुपये पर आ गया। इस हिसाब से कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग 73 रुपये के भाव पर हो सकती है

अपडेटेड Aug 08, 2024 पर 3:37 PM
Ola Electric के IPO को निवेशकों का अच्छा रिस्पॉन्स मिला और यह 4.26 गुना सब्सक्राइब हो गया।

Ola Electric IPO Listing: ओला इलेक्ट्रिक के आईपीओ को निवेशकों का अच्छा रिस्पॉन्स मिला और यह सब्सक्रिप्शन के अंतिम दिन तक 4.26 गुना सब्सक्राइब हो गया। अब कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग कल यानी 9 अगस्त को होने वाली है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि ओला इलेक्ट्रिक मोबिलिटी के शेयरों की बाजार में कमजोर लिस्टिंग हो सकती है। रिपोर्ट्स के मुताबिक आईपीओ निवेशकों को लिस्टिंग पर 5-10 फीसदी का नुकसान हो सकता है। दूसरी ओर, इस आईपीओ के ग्रे मार्केट प्रीमियम में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है। इश्यू के लिए 72-76 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड रखा गया है। कंपनी आईपीओ के जरिए 6145.56 करोड़ रुपये जुटाना चाहती है।

नेगेटिव हुआ Ola Electric का GMP

ओला इलेक्ट्रिक के आईपीओ के GMP में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है और अब यह लिस्टिंग से एक दिन पहले नेगेटिव हो गया है। आज 8 अगस्त को आईपीओ का GMP घटते-घटते -3 रुपये पर आ गया है। इस हिसाब से कंपनी के शेयरों की लिस्टिंग 73 रुपये के भाव पर हो सकती है। अगर ऐसा होता है तो आईपीओ निवेशकों को 3.95 फीसदी का नुकसान होगा।


Ola Electric की लिस्टिंग पर क्या कहते हैं एक्सपर्ट्स?

मौजूदा बाजार स्थितियों और ओला इलेक्ट्रिक के वित्तीय प्रदर्शन को देखते हुए स्वास्तिका इन्वेस्टमार्ट की शिवानी न्याति को उम्मीद है कि लिस्टिंग कमजोर रहेगी। उन्होंने कहा, "निवेशक ओला इलेक्ट्रिक के बिजनेस मॉडल और वैल्यूएशन के प्रति मार्केट सेंटीमेंट को समझने के लिए आईपीओ लिस्टिंग पर करीब से नजर रखेंगे।" न्याति ने कहा कि R&D और मैन्युफैक्चरिंग में बड़े निवेश द्वारा समर्थित ग्लोबल ईवी लीडर बनने का ओला इलेक्ट्रिक का विजन सराहनीय है। हालांकि, कंपनी का वर्तमान वित्तीय प्रदर्शन, जिसमें लगातार घाटा शामिल है, चिंता का विषय है। हाई कंपटीशन, प्राइसिंग प्रेशर और कर्मचारियों का पलायन चुनौतियों को और बढ़ा देता है।

मेहता इक्विटीज के सीनियर वीपी रिसर्च प्रशांत तापसे ने कहा कि सब्सक्रिप्शन के आंकड़ों और ओवरऑल मार्केट सेंटीमेंट के आधार पर, फ्लैट से डिस्काउंटेड लिस्टिंग की बहुत अधिक संभावना है, जो कि -5% से -10% के बीच है। उन्होंने कहा कि कमजोर वित्तीय स्थिति, अतीत में नेगेटिव नेट कैश फ्लो का रिस्क और भविष्य में नेगेटिव नेट कैश की संभावना को देखते हुए डिस्काउंटेड लिस्टिंग होने का अनुमान उचित है। तापसे ने केवल रिस्क टेकिंग इनवेस्टर्स को 2-3 साल की मिनिमम होल्डिंग पीरियड के साथ इसे होल्ड करने की सलाह दी है।

तापसे ने आगे कहा कि अगर शेयर अपने आईपीओ प्राइस से काफी नीचे मिलता है, तो रिस्क लेने वाले निवेशक हर गिरावट पर 'एक्यूमलेट' कर सकते हैं। उन्होंने कहा शॉर्ट टर्म में ओला इलेक्ट्रिक में बहुत सारे उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकते हैं। स्टॉक्सबॉक्स के पार्थ शाह को उम्मीद है कि ओला इलेक्ट्रिक के शेयर अपने इश्यू प्राइस से 3% अधिक डिस्काउंट पर लिस्ट होंगे। शाह ने आईपीओ निवेशकों को मीडियम से लॉन्ग टर्म के नजरिए से शेयर होल्ड करने की सलाह दी।

OLA Electric का फाइनेंशियल

वित्त वर्ष 2024 में ओला इलेक्ट्रिक घाटा बढ़ा है। कंपनी का कारोबार सिर्फ इलेक्ट्रिक व्हीकल सेगमेंट में है। यह ईवी और ईवी के कंपोनेंट्स बनाती है। इसने सात प्रोडक्ट्स पेश कर दिए हैं और चार नए का ऐलान कर दिया है। मार्च 2024 तक के आंकड़ों के हिसाब से ओमनीचैनल डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क के जरिए ओला इलेक्ट्रिक के पास 870 एक्सपीरिएंस सेंटर्स, 431 सर्विस सेंटर्स हैं। कंपनी को लगातार घाटा हो रहा है और वित्त वर्ष 2024 में इसका शुद्ध घाटा 1,472.08 करोड़ रुपये से बढ़कर 1,584.40 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। हालांकि इस दौरान रेवेन्यू 2,782.70 करोड़ रुपये से उछलकर 5,243.27 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।