ऑनलाइन फार्मेसी प्लेटफॉर्म PharmEasy की पैरेंट कंपनी एपीआई होल्डिंग (API Holdings) ने कंपनी के आईपीओ के लिए सेबी में DRHP दाखिल कर दिया है। कंपनी इस आईपीओ में फ्रेश इक्विटी जारी करके 6,250 करोड़ रुपये जुटाना चाहती है। ये आईपीओ पूरी तरह से फ्रेश इश्यू पर आधारित होगा। इसके जरिए कंपनी अपनी कारोबारी जरूरतों के लिए पैसे जुटाएगी। इस इश्यू में कोई ऑफर फॉर सेल नहीं होगा, यानी इसमें प्रोमोटर या दूसरे शेयर धारक अपनी कोई भी हिस्सेदारी नहीं बेचेंगे।
इसके अलावा एपीआई होल्डिंग 1250 करोड़ रुपये के प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए प्री आईपीओ फंड रेजिंग के विकल्प पर भी विचार कर रही है। अगर यह प्री-आईपीओ राउंड होता है तो फिर आईपीओ का साइज छोटा कर दिया जाएगा। यह आईपीओ पूरी तरह से प्राइमरी इश्यू पर आधारित होगा और इससे जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल कंपनी के कर्ज को चुकाने और विस्तार योजनाओं पर खर्च किया जाएगा। बता दें कि कंपनी के ऊपर 1,929 करोड़ रुपये का कर्ज है। इसके अलावा कंपनी की 1259 करोड़ रुपये ऑर्गेनिक विस्तार और 15,00 करोड़ रुपये इन-ऑर्गेनिक विस्तार (अधिग्रहण) पर खर्चा करने की योजना है।
एपीआई होल्डिंग डायग्नोस्टिक कंपनी Thyrocare के अधिग्रहण की प्रक्रिया में है। थायरोकेयर में कंपनी की मेजोरिटी हिस्सेदारी होगी।
इस आईपीओ के लिए Kotak Mahindra Capital Company Ltd, Morgan Stanley India Company Private Ltd, BoFA Securities India Limited, Citigroup Global Markets India Private Ltd, JM Financial Ltd जैसी कंपनियां बुक रनिंग लीड मैनेजर होंगी।