Defence Shares से हो सकती है कमाई, ब्रोकरेज है बुलिश, जानिए कारण

'मेक इन इंडिया' पहल के साथ, सरकार ने अपने स्वदेशी डिफेंस इंडस्ट्री को एक्सपोर्ट की ओर ले जाने के लिए कदम उठाए हैं जहां फाइनेंशियल ईयर 2013 में 15920 करोड़ रुपये का एक्सपोर्ट हुआ था।

अपडेटेड Apr 09, 2024 पर 9:04 PM
  • Follow Us On Google
  • Add as a Preferred Source on Google
ब्रोकरेज को उम्मीद है कि डिफेंस स्टॉक्स में आने वाले वक्त में तेजी देखने को मिल सकती है।

Stock Market: आजकल शेयर बाजार में डिफेंस के शेयर्स की खूब चर्चाएं हैं। दरअसल, भारत सरकार ने आने वाले 6 सालों में सभी आर्म्ड सर्विसेज में फ्लीट मॉडर्नाइजेशन यानी बेड़े के आधुनिकीकरण के लिए 130 बिलियन डॉलर खर्च करने का प्लान बनाया है। डिफेंस के शेयर्स इंवेस्टर्स को पिछले साल से ही शानदार रिटर्न दे रहे हैं। वहीं अब इस ऐलान के साथ ही डिफेंस शेयर फोकस में बने हुए हैं।

इनमें आया उछाल

डिफेंस इंडस्ट्री के लिए महत्वपूर्ण घटकों के व्यापक स्पेक्ट्रम के मेन्यूफ्रेक्चरर, एनआईबीई लिमिटेड के शेयर्स की बात करें तो ये पिछले साल 5 अप्रैल 2023 को जहां 381.75 रुपये था, वहीं ये बढ़कर इसी दिन 1,582.90 रुपये हो गया, जो कि 315 फीसदी अधिक है। वहीं हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स और एस्ट्रा माइक्रोवेव प्रोडक्ट्स में भी 150 फीसदी का उछाल देखा गया है।


डिफेंस खर्च

दुनियाभर में भारत फाइनेंशियल ईयर 2023 में तीसरा सबसे बड़ा डिफेंस पर खर्च करने वाला बना हुआ है, जिसका डिफेंस बजट देश की कुल जीडीपी का 2.2% है। हाल ही में, डिफेंस इंडस्ट्री को 2024-25 के अंतरिम बजट में 70 बिलियन डॉलर से अधिक देने की घोषणा की गई थी।

एक्सपोर्ट की उम्मीद

'मेक इन इंडिया' पहल के साथ, सरकार ने अपने स्वदेशी डिफेंस इंडस्ट्री को एक्सपोर्ट की ओर ले जाने के लिए कदम उठाए हैं। जहां फाइनेंशियल ईयर 2013 में 15920 करोड़ रुपये का एक्सपोर्ट हुआ था, वहीं फाइनेंशियल ईयर 2014 में एक्सपोर्ट रिकॉर्ड 21,083 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जो कि 2013 मुकाबले 32.5% अधिक था। इसी बीच सरकार को 2025 तक डिफेंस प्रोडक्शन 25 अरब डॉलर होने की उम्मीद है, जिसमें से 5 अरब डॉलर एक्सपोर्ट हो सकता है।

ब्रोकरेज की राय

निर्मल बैंग सिक्योरिटीज का अनुमान है कि बढ़ते डिफेंस खर्च से डिफेंस के शेयर्स में भारी उछाल आ सकता है। दरअसल, डिफेंस बास्केट के स्टॉक की कीमतों में तेज उछाल के साथ भी (निफ्टी इंडिया डिफेंस इंडेक्स 6 महीने का रिटर्न 37% है); स्ट्रांग ऑर्डर बुक शेयर्स की बढ़ोत्तरी करवा सकता है। साथ ही आकर्षित रिस्क-रिवार्ड रेशियो के साथ मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स, भारत डायनेमिक्स और एस्ट्रा माइक्रोवेव कंपनी के शेयर्स को निर्मल बैंग सिक्योरिटीज रिकमेंड करता है।

वहीं प्रभुदास लीलाधर की टेक्नीकल रिसर्च की वाइस प्रेजीडेंट वैशाली पारेख का मानना है कि डिफेंस स्टॉक ने काफी अच्छी तरह से इंप्रूव किया है और डेली चार्ट पर डबल बॉटम फॉर्मेशन बनाते हुए 610 के लेवल के पास सपोर्ट हासिल किया है। आरएसआई ओवरसोल्ड ज़ोन से उभर चुका है, जो ट्रेंड रिवर्सल की ओर इशारा करता है। वहीं पिछले एक साल में पारस डिफेंस को करीब 46% का फायदा हुआ था।

एंटीक स्टॉक ब्रोकिंग के मुताबिक, फाइनेंशियल ईयर 2024 में डिफेंस कंपनियों के लिए स्ट्रांग ऑर्डर बुक बनाई है, जिसमें भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) ने सालाना 72% और हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने सालाना 62% के साथ सबसे अधिक ऑर्डर बढ़ने की रिपोर्ट दी है। कुल मिलाकर डिफेंस के लिए सरकारी खर्च बढ़ने, एक्सपोर्ट बढ़ने और स्ट्रांग ऑर्डर बुक मेंटेन होने के कारण भारतीय डिफेंस सेक्टर से सब पॉजिटीव हैं।

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दी गई राय एक्सपर्ट की निजी राय होती है। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए जिम्मेदार नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि निवेश से जुड़ा कोई भी फैसला लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

हिंदी में शेयर बाजार स्टॉक मार्केट न्यूज़,  बिजनेस न्यूज़,  पर्सनल फाइनेंस और अन्य देश से जुड़ी खबरें सबसे पहले मनीकंट्रोल हिंदी पर पढ़ें. डेली मार्केट अपडेट के लिए Moneycontrol App  डाउनलोड करें।