Augmont IPO Listing: आईपीओ को 111 गुना से अधिक बोली मिलने के बाद अब ऑगमोंट एंटरप्राइजेज के शेयरों की आज घरेलू मार्केट में धांसू एंट्री हुई। आईपीओ के तहत ₹788 के भाव पर शेयर जारी हुए हैं। आज BSE पर इसकी ₹956.00 और NSE पर ₹961.00 पर एंट्री हुई है यानी कि आईपीओ निवेशकों को 21% से अधिक लिस्टिंग गेन (Augmont Listing Gain) मिला। लिस्टिंग के बाद शेयर और ऊपर चढ़े। उछलकर BSE पर यह ₹995.90 (Augmont Share Price) पर पहुंच गया यानी कि आईपीओ निवेशक 26.38% मुनाफे में हैं।
Augmont IPO के पैसे कैसे होंगे खर्च
ऑगमोंट एंटरप्राइजेज का ₹825 करोड़ का आईपीओ 21-25 अगस्त तक खुला था। इसे हर कैटेगरी के निवेशकों का शानदार रिस्पांस मिला और ओवरऑल यह 111.18 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए आरक्षित हिस्सा 238.46 गुना, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) का हिस्सा 127.63 गुना और खुदरा निवेशकों का हिस्सा 32.64 गुना और एंप्लॉयीज का हिस्सा 22.22 गुना भरा था।
इस आईपीओ के तहत ₹620 करोड़ के नए शेयर जारी हुए हैं। इसके अलावा ₹5 की फेस वैल्यू वाले 26,01,521 शेयरों की ऑफर फॉर सेल विंडो के तहत बिक्री हुई है। ऑफर फॉर सेल का पैसा तो शेयर बेचने वाले शेयरहोल्डर्स को मिला है। वहीं नए शेयरों के जरिए जुटाए गए पैसों में से ₹465.00 करोड़ वर्किंग कैपिटल की जरूरतों, ₹107.76 करोड़ आम कॉरपोरेट उद्देश्यों और ₹62.83 करोड़ आईपीओ से जुड़े एक्सपेंसेज पर खर्च होंगे।
Augmont Enterprises के बारे में
ऑगमोंट एंटरप्राइजेज सोने-चांदी के बिजनेस में है। यह सोने और चांदी की पूरी वैल्यू चेन में काम करती है, जैसे कि सोना-चांदी खरीदना, इनकी रिफाइनिंग करना, डिजिटल गोल्ड बेचना, थोक में सोना-चांदी खरीदना-बेचना, ज्वैलरी बनाने। इसका कारोबार देश-विदेश में फैला हुआ है। इसका कारोबार मुख्य रूप से दो प्लेटफॉर्म के जरिए चलता है, एक ऑगमोंट स्पॉट जो मुख्य रूप से बिजनेस कस्टमर्स के लिए है और दूसरा ऑगमेंट गोल्ड फॉर ऑल जो खुदरा ग्राहकों के लिए है।
कंपनी के वित्तीय सेहत की बात करें तो यह लगातार मजबूत हो रही है। वित्त वर्ष 2024-26 में इसका शुद्ध मुनाफा सालाना 114% से अधिक की रफ्तार यानी CAGR से बढ़कर ₹348.30 करोड़ और टोटल इनकम 64% से अधिक के सीएजीआर से ₹94,282.47 करोड़ पर पहुंच गया। मार्च 2026 तिमाही के आखिरी में कंपनी पर ₹12.67 करोड़ का टोटल कर्ज था जबकि रिजर्व और सरप्लस में ₹865.14 करोड़ पड़े थे।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।