मार्केट चढ़े या गिरे, यह डिफेंस स्टॉक आपको मालामाल कर सकता है

सरकार डिफेंस इक्विपमेंट का देश में ही उत्पादन करने पर जोर दे रही है। Bharat Dynamics (BDL) इस मौके का फायदा उठाने के लिए पूरी तरह से तैयार है। भविष्य में कंपनी की कमाई को लेकर तस्वीर साफ है। इस वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ साल दर साल आधार पर 38 फीसदी रही है

अपडेटेड Feb 21, 2025 पर 4:34 PM
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21 फरवरी को यह स्टॉक 2.56 फीसदी गिरकर 1006 रुपये पर बंद हुआ।

क्या आप ऐसे स्टॉक की तलाश में हैं जिसका प्रदर्शन गिरते बाजार में भी अच्छा रहेगा? अगर हां तो आपको भारत डायनेमिक्स (बीडीएल) के शेयरों में निवेश करना चाहिए। यह सरकार की कंपनी है, जो मिसाइल सिस्टम सहित कई तरह के डिफेंस इक्विपमेंट बनाती है। कई चीजें बीडीएल को खास बनाती हैं। इसकी ऑर्डरबुक स्ट्रॉन्ग है। एक्सपोर्ट बढ़ रहा है। एग्जिक्यूशन क्षमता में सुधार हो रहा है। कंपनी का फोकस रिसर्च एंड डेवलपमेंट (आरएंडडी) पर है। मैन्युफैक्चरिंग में कंपनी का जोर लोकल प्रोडक्ट्स के इस्तेमाल पर है।

सरकार की पॉलिसी का फायदा मिलेगा

सरकार डिफेंस इक्विपमेंट का देश में ही उत्पादन करने पर जोर दे रही है। Bharat Dynamics (BDL) इस मौके का फायदा उठाने के लिए पूरी तरह से तैयार है। भविष्य में कंपनी की कमाई को लेकर तस्वीर साफ है। इस वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ साल दर साल आधार पर 38 फीसदी रही है। जियोपॉलिटिकल टेंशन का सप्लाई चेन पर खराब असर नहीं पड़ा होता तो रेवेन्यू ग्रोथ और ज्यादा होती। इस दौरान EBITDA थोड़ा बढ़कर 120 करोड़ रुपये रही। लेकिन, मार्जिन 19 फीसदी से घटकर 15 फीसदी पर आ गया। इसकी बड़ी वजह रॉ मैटेरियल कॉस्ट में इजाफा है।


कंपनी बड़े प्रोजेक्ट्स लेने को तैयार

बीडीएल का प्रॉफिट ऑफ्टर टैक्स (PAT) साल दर साल आधार पर 9 फीसदी बढ़कर 150 करोड़ रुपये पहुंच गया। लेकिन, मार्जिन साल दर साल आधार पर 476 बेसिस प्वाइंट्स घट गया। कंपनी की ऑर्डरबुक 20,000 करोड़ रुपये की है। यह इसके रेवेन्यू का करीब छह गुना है। कंपनी ने हाल में 2,960 करोड़ रुपये का MRSAM कॉन्ट्रैक्ट हासिल किया है। एमआरएसएएम का मतलब मीडियम रेंज सर्फेस टू एयर मिसाइल से है। कंपनी QRSAM जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स भी ले रही है। इसका मतलब है कि आने वाले समय में भी ग्रोथ अच्छी बनी रहेगी। क्यूआरएसएएम का मतलब क्विक रिएक्शन सर्फेस टू एयर मिसाइल है।

अगले तीन साल तक मजबूत ऑर्डरबुक

बीडीएल के मैनेजमेंट का मानना है कि अगले तीन साल में कंपनी की औसत ऑर्डरबुक 20,000 करोड़ रुपये की बनी रहेगी। इसके अलावा बीडीएल ने अगले 3-5 साल में प्रोडक्शन दोगुना और 10 साल में तीन गुना करने का प्लान बनाया है। इसके लिए कंपनी मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी बढ़ाएगी। क्षमता बढ़ाने पर कंपनी करीब 2,000 करोड़ रुपये का निवेश करने जा रही है। कंपनी की एक्सपोर्ट ऑर्डरबुक 3,000 करोड़ रुपये की है। सिक्योरिटी पर कैबिनेट कमेटी ने 9 देशों को आकाश मिसाइल के एक्सपोर्ट के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।

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क्या आपको निवेश करना चाहिए?

बीडीएल के शेयरों की वैल्यूएशन अपेक्षाकृत ठीक है। बड़े प्रोजेक्टस मिलने से कंपनी की अर्निंग्स को लेकर कोई संदेह नहीं है। अभी कंपनी के शेयर में FY27 की अनुमानित अर्निंग्स के 24 गुना पर ट्रेडिंग हो रही है। 21 फरवरी को यह स्टॉक 2.56 फीसदी गिरकर 1006 रुपये पर बंद हुआ। इस स्टॉक ने बीते एक साल में 18.45 फीसदी रिटर्न दिया है। हालांकि, इस साल अब तक यह 11 फीसदी से ज्यादा गिर चुका है। अभी इस स्टॉक में निवेश करने पर अच्छी कमाई हो सकती है।

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