Bikaji Foods ने सेबी में दाखिल की आईपीओ की अर्जी, जानिए अहम बातें

Bikaji Foods files IPO: DRHP में दिए जानकारी के मुताबिक बीकाजी फूड्स इस आईपीओ के जरिए 2.93 करोड़ शेयरों की बिक्री करेगी। यह आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल होगा।

अपडेटेड Feb 23, 2022 पर 3:59 PM
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कंपनी के प्रमोटर और वर्तमान शेयर धारक अपने शेयरों की बिक्री करेंगे।

Bikaji Foods files IPO: एफएमसीजी फर्म बीकाजी फूड्स इंटरनेशनल (Bikaji Foods International) ने बुधवार को अपने आईपीओ से संबंधित अर्जी (DRHP) सेबी में दाखिल कर दी है। DRHP में दिए जानकारी के मुताबिक बीकाजी फूड्स इस आईपीओ के जरिए 2.93 करोड़ शेयरों की बिक्री करेगी। यह आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल होगा। इसका मतलब यह है कि आईपीओ में कोई फ्रेश इश्यू नहीं होगा। सिर्फ कंपनी के प्रमोटर और वर्तमान शेयर धारक अपने शेयरों की बिक्री करेंगे।

इस आईपीओ में ऑफर फॉर सेल के तहत कंपनी के फाउंडर शिवरतन अग्रवाल और दीपक अग्रवाल 25-25 लाख शेयर बेचेंगे। वहीं इंडिया 2020 महाराजा ( प्राइवेट इक्विटी फर्म लाइटहाउस) 1.21 करोड़ शेयर बेचेंगी जबकि IIFL Special Opportunities Fund 1.1 करोड़ रुपये और Avendus Future Leaders Fund 12 लाख शेयरों की बिक्री करेगी।

चूंकि यह आईपीओ पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल आधारित है। इसलिए इस बिक्री से प्राप्त सारे पैसे बिक्री करने वाले शेयर धारकों और प्रमोटरों के पास जाएगे। आईपीओ के द्वारा हासिल पैसे में से कुछ भी कंपनियों को नहीं मिलेगा।


ड्राफ्ट पेपर में दी गई जानकारी के मुताबिक भारतीय स्नैक्स मार्केट में बीकाजी फूड इंटरनेशनल की 8.7 फीसदी हिस्सेदारी है जबकि हल्दीराम 36.6 फीसदी की हिस्सेदारी के साथ मार्केट लीडर है।

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बीकाजी फूड्स इंटरनेशनल के फाउंडर शिवरतन अग्रवाल, हल्दीराम के फाउंडर गंगाभिषण अग्रवाल के पोत्र (grandson) है। शिवरतन अग्रवाल ने 1986 में बीकाजी फूड की स्थापना की थी। मूल रूप से कंपनी की स्थापना Shivdeep Industries Ltd.के नाम से की गई थी। बाद में 1993 में इसका नाम बदलकर बीकाजी फूड्स कर दिया गया।

अपने ड्राफ्ट पेपर में बीकाजी फूड्स इंटरनेशनल दावा किया है कि वह बीकानेरी बुज्जियां, डिब्बा बंद रसगुल्ला, सोनपापड़ी और गुलाब जामुन की सबसे बड़ी उत्पादन है। इन प्रोडक्टस की वार्षिक उत्पादन क्षमता 26,690 टन, 24,000 टन, 23,040 टन और 12,000 टन (2020-21 के आंकड़े) रही है।

JM Financial, Axis Capital, IIFL Securities, Intensive Fiscal Services और Kotak Mahindra Capital प्रस्तावित आईपीओ के बुक रनिंग लीड मैनेजर है।

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