Insurance Stocks :ऊंचे इंश्योरेंस कमीशन पर सरकार की नजरें हैं। नेटवर्क 18 से खास बातचीत में DFS सेक्रेटरी ने भी ज्यादा इंश्योरेंस कमीशन पर चिंता जताई है। उधर, IRDAI ज्यादा कमीशन के लेकर सख्ती की तैयारी कर रहा है। एक्सक्लूसिव जानकारी के साथ सीएनबीसी-आवाज़ के सहयोगी यश जैन ने बताया कि ज्यादा बीमा कमीशन पर सख्ती बढ़ेगी। सूत्रो के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक IRDAI ने कंपनियों से कमीशन के आंकड़े मांगे हैं। IRDAI ने सेगमेंटल कमीशन पेआउट के आंकड़े मांगे हैं। कमीशन रेगुलेशन के लिए ड्राफ्ट रेगुलेशन पर काम शुरू कर दिया गया है। इंश्योरेंस में ज्यादा कमीशन को लेकर IRDAI चिंतित है। मोटर-ओन डैमेज और हेल्थ सेगमेंट में हाई कमीशन को लेकर चिंता जताई गई है। खबर पर IRDAI की प्रतिक्रिया का इंतजार है।
इस बीच DFS (DEPARTMENT OF FINANCIAL SERVICES) सेक्रेटरी का बड़ा बयान आया है। इस बयान में कहा गया है कि IRDAI जल्द ही कमीशन को लेकर ड्राफ्ट नियम लेकर आएगा। पॉलिसी होल्डर के हितों की सुरक्षा होनी चाहिए। सरकार बहुत ज्यादा कमीशन पर लगाम लगाने के पक्ष में है। ज्यादा कमीशन को लेकर कंज्यूमर से कई शिकायतें मिलीं हैं।
DFS सेक्रेटरी एम नागराजू ने CNBC-TV18 को बताया कि IRDAI इंश्योरेंस कमीशन पर ड्राफ्ट रेगुलेशन जारी करेगा। रकार IRDAI को डिस्ट्रीब्यूशन कॉस्ट पर निगरानी और अधिकार देने के लिए उत्सुक है। सरकार चाहती है कि IRDAI के पास रेगुलेट करने की शक्ति हो ताकि कोई भी बहुत ज़्यादा कमीशन न दे। ऐसी शिकायतें मिली हैं कि कुछ इंश्योरेंस कंपनियां बहुत ज़्यादा कमीशन देती हैं और इसके परिणामस्वरूप प्रीमियम बढ़ जाते हैं या ICR बहुत कम होता है। इंश्योरेंस एक्ट में सुधारों से इस बात पर कुछ कंट्रोल होना चाहिए कि कितना कमीशन दिया जाता है और कैसे दिया जाता है
बता दें कि ICR का मतलब इंक्रीमेंटल कैपिटल रेशियो है। जब कमीशन बहुत ज़्यादा होता है या ICR कम होता है तो पॉलिसी धारकों को नुकसान होता है। इस खबर का असर HDFC LIFE, MAX FINANCIAL, ICICI LOMBARD, STAR HEALTH और PB FINTECH जैसे शेयरों पर पड़ सकता है।