नई सरकार का इन 7 सेक्टर पर होगा फोकस, निवेश करने पर हो सकती है मोटी कमाई
ब्रोकरेज फर्मों का कहना है कि एडीए की नई सरकार का फोकस कुछ सेक्टर पर होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई सरकार की प्रायरिटी के बारे में संकेत दे दिया है। इसलिए कुछ सेक्टर में अभी निवेश करने पर कुछ सालों में मोटी कमाई हो सकती है
MoneyControl News
अपडेटेड Jun 06, 2024 पर 12:25 PM
सोलर, सेमीकंडक्टर्स, एग्रीकल्चर और डिफेंस नई सरकार की प्राथमिकता में होंगे।
लोकसभा चुनावों के नतीजों ने स्टॉक मार्केट को चौंकाया है। BJP को अपने दम पर सरकार बनाने लायक सीटें नहीं मिलने से इनवेस्टमेंट की कमेस्ट्री बदली है। यह वक्त बड़ी थीम पर फिर से विचार करने का है। यह देखना जरूरी है कि कौन सी थीम चलेगी और आगे इनवेस्टर्स की प्रायरिटी में क्या होना चाहिए। चुनावी नतीजों से पहले ज्यादातर ब्रोकरेज फर्में एनर्जी, कैपिटल एक्सपेंडिचर, ट्रैवल एंड टूरिज्म सेक्टर में अच्छी संभावनाएं देख रही थीं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इन सेक्टर्स में आगे भी संभावनाएं बनी रहेंगी। उधर, सोलर, सेमीकंडक्टर्स, एग्रीकल्चर और डिफेंस भी नई सरकार की प्राथमिकता में होंगे। मनीकंट्रोल आपको ऐसे 7 थीम के बारे में बता रहा है, जिनमें निवेश करने पर मोटा मुनाफा हो सकता है।
1. Solar Power
एक्सपर्ट्स का कहना है कि रिन्यूएबल और ट्रेडिशनल एनर्जी पर फोकस बना रहेगा। इसकी वजह यह है कि बगैर पावर इकोनॉमी ग्रोथ मुमकिन नहीं है। साथ ही डेटा सेंटर्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बढ़ती मांग को देखते हुए बिजली का उत्पादन बढ़ाना होगा। इलेक्ट्रिक व्हीकल्स पर सरकार का जोर बना रहेगा। सोलर रूफटॉप में काफी संभावनाएं दिख रही हैं। एक्सपर्ट्स का कहना है कि सोलर में लंबी अवधि के निवेश के मौके दिख रहे हैं। ओमिनीसाइंस कैपिटल के फाउंडर और स्मॉलकेस मैनेजर विकास गुप्ता ने कहा कि सरकार जिसकी भी बने सोलर सेक्टर में ग्रोथ के मौके देखने को मिलेंगे। इस सेक्टर की कंपनियों में Power Grid, NTPC, ONGC, Adani Green, Reliance, Suzlon, NHPC और कोल इंडिया शामिल हैं।
सरकार ने पिछले कुछ सालों में मैन्युफैक्चरिंग पर फोकस बढ़ाया है। पीएलआई और डीएलआई जैसी स्कीम शुरू की गई हैं। फिसडम के रिसर्च हेड नीरव कारकेरा ने कहा कि ग्लोबल डिमांड को देखते हुए सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग और डिजाइन पर फोकस बढ़ाने का फायदा मिलेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार इंडिया में सेमीकंडक्टर्स की मैनुफैक्चरिंग पर जोर दे रही है। अभी इस सेगमेंट में लिस्टेड कंपनियों के सीमित विकल्प हैं। लेकिन, एक्सपर्ट्स का कहना है कि आगे ग्रोथ के बड़े मौके दिख रहे हैं। CG Power, Tata Power और HCL Tech इस सेक्टर की कंपनियां हैं।
3. Agriculture Infrastructure
ग्रीन हाउस, इरिगेशन और हार्वेस्टिंग यूनिट्स फोकस में रहेंगे। इसके अलावा एग्रीकल्चर प्रोडक्ट्स से जुड़े लॉजिस्टिक्स पर भी जोर रहेगा। कारकेरा ने कहा कि एग्रीकल्चर सेक्टर में अभी उत्पाद खराब हो जाते हैं। उन्हें खराब होने से बचाने के लिए एफिशियंसी डेवलप करना होगा। ऐसे में NBCC, Kirloskar Brothers, Snowman Logistics, Gateway Distriparks जैसी कंपनियों पर फोकस बढ़ेगा।
4. Defense Sectors
ब्रोकरेज फर्म आनंद राठी ने हाल में अपनी रिपोर्ट में कहा है कि डिफेंस सेक्टर बड़े बदलाव से गुजर रहा है। सरकार डिफेंस के लिए बजट बढ़ा रही है। देस में डिफेंस इक्विपमेंट के उत्पादन के साथ ही इसके एक्सपोर्ट्स पर जोर दिया जा रहा है। इस सेक्टर में निवेश बढ़ना इस बात का संकेत है कि सरकार डिफेंस के मामले में आत्मनिर्भर होना चाहती है। इसका फायदा HAL, BHEL, Bharat Forge और Bharat Dynamics जैसी कंपनियों को मिलेगा।
5. Hydrogen Cell Technology
असित सी मेहता में इंस्टीट्यूशनल रिसर्च के हेड सिदार्थ भामरे ने कहा कि हाइड्रोजन सेल से चलने वाले व्हीकल्स पर सरकार का फोकस बढ़ रहा है। नेशनल हाइड्रोजन एनर्जी मिशन (NHEM) के जरिए सरकार इंडिया को हाइड्रोजन फ्यूल के मामले में दुनिया में अव्वल बनाना चाहती है। इसका फायदा एनटीपीसी, रिलायंस इंडस्ट्रीज और एलएंडटी को मिलेगा।
6. Domestic Travel
इंडिया में पर्यटन के लिए काफी संभावनाएं हैं। इसके लिए टूरिस्ट डेस्टिनेशन, इंफ्रास्ट्रक्चर और हॉस्पिटलिटी सेक्टर में निवेश बढ़ेगा। इससे रोजगार के मौके बढ़ेंगे और इकोनॉमिक ग्रोथ को बढ़ावा मिलेगा। इसका फायदता Lemon Tree, ITC और RateGain जैसी कंपनियों को मिलेगा।
यह भी पढ़ें:NBCC ने भरी 8% तक की उड़ान, ₹491 करोड़ के ऑर्डर मिलने से शेयर पर टूटे निवेशक
7. IT और दूसरे सेक्टर्स
आईटी ऐसा सेक्टर है, जिसे डिजिटर इंडिया का फायदा मिलेगा। उधर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर फोकस बढ़ रहा है। अगले कुछ सालों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल काफी बढ़ जाएगा। इंडियन आईटी कंपनियां इसका फायदा उठाने की स्थिति में हैं। उधर, बड़े शहरों में टेलीकॉम सर्विसेज के बढ़ते इस्तेमाल को देखते हुए इस सेक्टर की कंपनियों की ग्रोथ भी अच्छी रहेगी।