Power Stocks: घरेलू स्टॉक मार्केट में बिकवाली के माहौल में भी आज पावर स्टॉक्स ने अपना दम दिखा दिया। एक तरफ घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज सेंसेक्स (Sensex) और निफ्टी 50 (Nifty 50) औंधे मुंह गिर पड़े तो दूसरी तरफ पावर स्टॉक्स रॉकेट बन गए। पावर स्टॉक्स के दम पर शुरुआती गिरावट से उबरते हुए ब्रोडर मार्केट ने रिकवरी की। सबसे जोरदार तेजी तो एनटीपीसी ग्रीन एनर्जी (NTPC Green Energy) में दिखी जोकि 15% चढ़ गया और निफ्टी 500 का टॉप गेनर बन गया। सिर्फ यही नहीं, जेएसडब्ल्यू एनर्जी (JSW Energy) के शेयर 7% उछल पड़े तो अदाणी पावर (Adani Power), सीईएससी (CESC), भेल (BHEL), टोरेंट पावर (Torrent Power) के शेयर 4%-6% चढ़ गए।
इस कारण उछल पड़े पावर स्टॉक्स?
देश में इस साल गर्मियों की जल्द शुरुआत हुई है जिससे बिजली की मांग बढ़ गई है।। इसके अलावा पश्चिमी एशिया में चल रहे युद्ध के चलते गैस की कमी हो गई है जिसने इलेक्ट्रिक कुकवेयर और बैट्री इंफ्रास्ट्रक्चर का इस्तेमाल बढ़ा दिया है जिससे पावर स्टॉक्स को सपोर्ट मिला। इससे पहले लगातार बारिश और उसके बाद सर्दियों के महीनों के कारण बिजली की मांग कम रही थी, और चालू वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 245 गीगावाट पर बना हुआ है, जो पहले के अनुमानित 270 गीगावाट की मांग से काफी कम है। कोयला मंत्रालय का कहना है है कि देश का 210 टन कोयला भंडार 88 दिनों के लिए पर्याप्त है।
क्या कहना है ब्रोकरेज फर्म का?
वैश्विक ब्रोकरेज फर्म मॉर्गन स्टैनले का कहना है कि बिजली की बढ़ती मांग से थर्मल कोल पावर का उत्पादन बढ़ेगा। ब्रोकरेज फर्म को उम्मीद है कि मजबूत मर्चेंट अर्निंग्स से अदाणी पावर और जेएसडब्ल्यू एनर्जी को फायजा मिलेगा जबकि टाटा पावर को इलेक्ट्रिसिटी एक्ट के सेक्शन 11 से फायदा मिल सकता है। मॉर्गन स्टेनली ने अपने नोट में जिक्र किया है कि पीक डेफिसिट की स्थिति में एनटीपीसी की फिर से रेटिंग करनी पड़ सकती है।
ओवरऑल क्या है मार्केट का हाल?
घरेलू स्टॉक मार्केट में आज शुरुआती कारोबार में हाहाकार मच गया। हालांकि ईरान और अमेरिका के बीच लड़ाई थमने के संकेतों पर मार्केट ने जोरदार रिकवरी भी की। शुरुआत कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी 1-1% से अधिक टूट गए थे लेकिन फिर इसमें रिकवरी आई और गिरावट आधे फीसदी से भी कम रह गई। हालांकि ऑटो, एफएमसीजी सेक्टर में अब भी बिकवाली का काफी दबाव है।
डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।