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Market Outlook : बढ़त के साथ बंद हुआ बाजार, जानिए 22 सितंबर को कैसी रह सकती है सेंसेक्स-निफ्टी की चाल

Market Outlook : श्रीकांत चौहान ने कहा कि तकनीकी रूप से, निफ्टी ने वीकली चार्ट पर एक 'बेयरिश कैंडल' बनाई है और डेली चार्ट पर 'लोअर-टॉप' फॉर्मेशन बनाए हुए है, जो शॉर्ट-टर्म में कमजोर ट्रेंड का संकेत है। हालांकि, मार्केट अब 'ओवरसोल्ड ज़ोन' में है, जिससे मौजूदा लेवल से तेज़ी से वापसी की संभावना बढ़ गई है

Sudhanshu Dubeyअपडेटेड Sep 21, 2026 पर 4:11 PM
Market Outlook : बढ़त के साथ बंद हुआ बाजार, जानिए 22 सितंबर को कैसी रह सकती है सेंसेक्स-निफ्टी की चाल
Market Outlook : श्रीकांत चौहान के मुताबिक ट्रेडर्स के लिए 23,200 और 23,150 अहम सपोर्ट ज़ोन हो सकते हैं। जब तक निफ्टी इन लेवल से ऊपर बना रहता है, तब तक 23,500 की ओर वापसी की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता

Market Outlook : सोमवार को भारतीय शेयर बाजार के बेंचमार्क इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए। सेंसेक्स 564 अंक या 0.76 प्रतिशत बढ़कर 74,859 पर और निफ्टी 68 अंक या 0.29 प्रतिशत बढ़कर 23,414 पर (पोस्ट-CAS क्लोज़ पर) बंद हुआ। हालांकि, मार्केट ब्रेड्थ नेगेटिव रही। 1,995 शेयरों में बढ़त हुई जबकि 2,111 शेयरों में गिरावट आई। फार्मा और रियल्टी सेक्टर में 1 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़त हुई। जबकि FMCG और कंज्यूमर ड्यूरेबल्स में लगभग 1-1 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। मेटल सेक्टर में 0.62 प्रतिशत की गिरावट आई, जबकि इंफ्रास्ट्रक्चर, IT और PSU बैंक भी गिरावट के साथ बंद हुए। मिडकैप में 0.29 प्रतिशत और स्मॉलकैप में 0.15 प्रतिशत की गिरावट आई, जबकि इंडिया VIX 1.14 प्रतिशत नीचे आया।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट आनंद जेम्स ने कहा कि पिछले हफ़्ते तय किए गए 23400 के लक्ष्य के बहुत करीब पहुंचने के बाद, अब बाज़ार में कुछ ठहराव (कंसोलिडेशन) की उम्मीद है। हालांकि, ज़्यादातर जानकारों का मानना ​​है कि यह दौर छोटा होगा और अगर गिरावट 23280/260 के ऊपर ही रुक जाती है, तो 23560 और उससे ऊपर तक की बढ़त देखी जा सकती है। वहीं, 23116 के स्तर के टूटने पर बाजार में फिर गिरावट हावी हो जाएगी और निफ्टी में फिर से 22600-21800 के स्तरों तक की गिरावट की संभावना बन जाएगी।

SBI सिक्योरिटीज के एनालिस्ट्स का कहना है कि पिछले चार ट्रेडिंग सेशन में कच्चे तेल की कीमतों में धीरे-धीरे आई गिरावट से एशियाई इक्विटी मार्केट को कुछ राहत मिली है और रिस्क सेंटीमेंट में सुधार हुआ है, भले ही वेस्ट एशिया में जियोपॉलिटिकल टेंशन कम होने के कोई खास संकेत नहीं दिख रहे हैं।

जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट डॉ. वी. के. विजयकुमार ने कहा कि डेवलप्ड इकॉनमीज़ में मज़बूत ग्रोथ और अच्छी कॉर्पोरेट अर्निंग्स की उम्मीदों से भी ग्लोबल लेवल पर और भारत में इन्वेस्टर्स का भरोसा बढ़ रहा है। US-चीन बातचीत से पहले बेहतर होते माहौल, UN में US और ईरान के बीच डिप्लोमैटिक बातचीत की नई उम्मीदों और तेल की कीमतों और बॉन्ड यील्ड में गिरावट ने निवेशकों को राहत दी है। महंगाई और एनर्जी की लागत को लेकर चिंताएं कम होने से अलग-अलग सेक्टर में रिकवरी हुई है और मार्केट का ओवरऑल सेंटीमेंट भी बेहतर हुआ है।

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