Q2 Result Poll: नतीजों के लिहाज से कल बड़ा दिन है। निफ्टी की 5 कंपनियों BEL, कोल इंडिया, JSW STEEL, श्रीराम फाइनेंस और BPCL के रिजल्ट आएंगे। साथ ही DLF और इंडिगो समेत वायदा में शामिल 9 कंपनियों के नतीजों का भी इंतजार रहेगा। श्रीराम फाइनेंस का मुनाफा 18% बढ़ सकता है । NIM फ्लैट रह सकते हैं। तो आइए डालते है एक नजर इन कंपनियों के नतीजे कैसे रह सकते हैं।
CNBC TV18 के पोल के मुताबिक जुलाई-सितंबर तिमाही में कंपनी का मुनाफा सालाना आधार पर 8 फीसदी की बढ़त के साथ 876 करोड़ रुपये पर रह सकता है जबकि रेवेन्यू में 15 फीसदी का उछाल संभव है। दूसरी तिमाही में कंपनी की आय 3993 करोड़ रुपये से बढ़कर 4598 करोड़ रुपये पर आ सकती है। मजबूत एग्जीक्यूशन से आय को सपोर्ट संभव है। Q2 में ऑर्डर बुक रिकॉर्ड 76700 करोड़ रहने का अनुमान था। जनवरी से अब तक 7100 करोड़ रुपये के ऑर्डर मिले है। FY25 के H2 में बड़े ऑर्डर की उम्मीद है। हाई बेस की वजह से मार्जिन पर 1.3% दबाव संभव है।
ऑर्डर इनफ्लो, QRSAM/MRSAM स्टेटस, एक्सपोर्ट शेयर और नॉन-डिफेंस कारोबार पर बाजार की नजर रहेगी।
श्रीराम फाइनेंस का मुनाफा 18% बढ़कर 2067 करोड़ रुपये पर आ सकता है । हालांकि NIM फ्लैट रह सकते हैं। Q2 में NIMs 8.9% पर बरकरार रह सकती है। कोर NIMs दायरे में रह सकते हैं। ऊंचे कॉस्ट ऑफ फंड से NIMs पर असर संभव है। कंपनी की लोन ग्रोथ तिमाही आधार पर 4% संभव है जबकि सालाना आधार पर 20 फीसदी संभव है। पिछले 4 तिमाही से लोन ग्रोथ 4-6% रेंज में रही । Q2 में क्रेडिट कॉस्ट 2.2% संभव है।
कंपनी के CV में लोन ग्रोथ पर बाजार की नजर रहेगी। साथ ही 2W में एसेट क्वालिटी और PL सेगमेंट पर भी बाजार की नजर रहेगी।
Q2 में रिपोर्टेड GRMs $8/bbl संभव है। हाई बेस का Q2 नतीजों पर असर दिखेगा। सालाना आधार पर EBITDA पर दबाव संभव है। ऑटो फ्यूल मार्केटिंग मार्जिन ऊंचे रहने की उम्मीद है। कच्चे तेल में गिरावट से इन्वेटरी घाटा है। LPG बिक्री से लगातार घाटा संभव है। रिफाइनरी थ्रूपुट 9mmt रहने की उम्मीद है।
बीना रिफाइनरी विस्तार, नए पेट्रोकेल प्लांट का निर्माण, कर्ज की स्थिति, कैपेक्स और LPG सब्सिडी के आंकड़ों पर बाजार की नजर रहेगी।
Q2 में EBITDA ग्रोथ दोगुना होने की संभावना है। सालाना आधार पर EBITDA 48% घटने का अनुमान है। ऑटो फ्यूल मार्केटिंग मार्जिन ऊंचे रहने की उम्मीद है। कच्चे तेल में गिरावट से इन्वेटरी घाटा है। LPG बिक्री से घाटा संभव है। रिफाइनरी थ्रूपुट 5.9mmt रहने की उम्मीद है। ग्रॉस मार्केटिंग मार्जिन `5.2/लीटर संभव है।
प्रोजेक्ट अपग्रेडेशन , नई राजस्थान रिफाइनरी, कर्ज की स्थिति और कंपनी के कैपेक्स के आंकड़ों पर नजर रहेगी।
Q2 में आय फ्लैट रहने की उम्मीद है। Q2 में मार्जिन 2% से ज्यादा बढ़ने की उम्मीद है जबकि सालाना आधार पर नई बुकिंग में 10% की गिरावट संभव है। Q2FY25E में `2000 करोड़ की नई बुकिंग संभव है। बुकिंग पर नए लॉन्च का असर नहीं पड़ने की संभावना है। नए प्रोजेक्ट लॉन्च, नेट कैश पोजिशन और रेंटल कारोबार के आउटलुक पर बाजार की नजर होगी।