सेबी चेयरमैन की तरफ से IPO निवेशकों के लिए एक सलाह आई है जिसमें उन्होंने कहा है कि रिटेल निवेशक इमोशन में आकर नहीं रिसर्च के आधार पर आईपीओ में निवेश करें। CII के Financial Markets Summit में बोलते हुए उन्होंने कहा कि बाजार से अभी और रिटेल निवेशक जुड़ेंगे। T+1 सेटलमेंट मार्केट के सभी भागीदारों के लिए फायदेमंद होगा।
उन्होंने आगे कहा कि प्राइमरी मार्केट की प्राइस डिस्कवरी उतनी पारदर्शी और सही नहीं होती जितना की सेकेंडरी मार्केट की होती है। रिटेल निवेशकों को सेकेंडरी मार्केट पर ज्यादा फोकस करना चाहिए। क्योकि सेकेंडरी मार्केट के बारे में ज्यादा जानकारियां उपलब्ध होती हैं।
गौरतलब है कि सेकेंडरी मार्केट में आई जोरदार रिकवरी और इकोनॉमी में रिवाइवल के साथ ही भारतीय बाजार में आईपीओ की झड़ी लग गई। 2021 में अब तक 41 कंपनियों ने आईपीओ के जरिए 64,244 करोड़ रुपये जुटाए हैं। इसमें से 16 स्टॉक ऐसे हैं जो अपने इश्यू प्राइस से ऊपर ट्रेड कर रहे हैं। वित्त वर्ष 2022 में अब तक आईपीओ के जरिए लगभग उतने पैसे जुटाए जा चुके हैं, जितने पूरे वित्त वर्ष 2021 में जुटाए गए थे।
सेबी के चेयरमैन ने ये भी बताया कि वित्त वर्ष 2021 में आईपीओ के जरिए 46,000 करोड़ रुपये जुटाए गए थे। वहीं पिछले 18 महीने के दौरान टेक्नोलॉजी कंपनियो ने आईपीओ के जरिए 15,000 करोड़ रुपये जुटाए हैं। अजय त्यागी ने ये भी बताया कि सेबी में 30,000 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए पेपर दाखिल हैं।