Share Market Volatile: अमेरिका और ईरान के बीच फिर तनाव बढ़ने की आशंका पर कच्चा तेल उबला तो इसकी आंच घरेलू स्टॉक मार्केट में भी महसूस हुई। एशियाई मार्केट से मिले-जुले संकेतों के बीच घरेलू मार्केट में भी आज मिला-जुला रुझान दिखा। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी 50 रेड से ग्रीन और ग्रीन से रेड जोन में झूलते दिखे तो निफ्टी मिडकैप 100 में हल्की बढ़त और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में करीब 1% की बढ़त है। सेक्टरवाइज निफ्टी एफएमसीजी और निफ्टी फार्मा में फिलहाल हल्की गिरावट है तो निफ्टी आईटी, निफ्टी पीएसयू बैंक समेत कुछ अन्य अहम सेक्टर के निफ्टी इंडेक्स ग्रीन हैं। हालांकि सभी सेक्टर के निफ्टी इंडेक्स में 1% से कम ही उठा-पटक है। निचले स्तर पर खरीदारी और ऊपरी स्तर पर मुनाफावसूली के चलते मार्केट दोनों तरफ मूवमेंट दिखा रहा है।
अब इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्सेज की बात करें तो फिलहाल 09:50 AM पर सेंसेक्स (Sensex) 38.87 प्वाइंट्स यानी 0.05% की मामूली तेजी के साथ 76,527.83 और निफ्टी 50 (Nifty 50) 20.15 प्वाइंट्स यानी 0.08% की मामूली बढ़त के साथ 24,051.85 पर है। इंट्रा-डे में सेंसेक्स 264.82 प्वाइंट्स फिसलकर 76,224.14 तक आ गया था जिससे 391.88 प्वाइंट्स रिकवर होकर यह 76,616.02 तक भी पहुंचा था और निफ्टी 66.00 प्वाइंट्स फिसलकर 23,965.70 तक आ गया था जिससे 111.50 प्वाइंट्स रिकवर होकर यह 24,077.20 तक भी पहुंच गया।
Share Market Volatile: ये है वजह
ट्रुथ सोशल पर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ बातचीत अच्छे से आगे बढ़ रही है। बेहतरीन समझौता होगा,या कोई समझौता नहीं होगा। डील नहीं हुई तो जंग और गोलीबारी शुरू होगी। अगला हमला पहले से कहीं ज्यादा बड़ा और ताकतवर होगा। कोई भी दोबारा युद्ध शुरू नहीं करना चाहता है। वहीं इस बीच अमेरिका ने होर्मुज के पास माइंस बिछा रहीं ईरानी नावों को तबाह किया है। इससे तनाव फिर बढ़ने की आशंका बनी है जिससे निवेशकों के सेंटिमेंट को झटका लगा है।
होर्मुज के पास अमेरिकी हमले से कच्चा तेल फिर उछल पड़ा। इसने मार्केट पर दबाव बनाने की कोशिश की। हालांकि अभी भी ब्रेंट क्रूड प्रति बैरल $95 के आस-पास बना हुआ है।
एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुझान
अमेरिका और ईरान के बीच फिर तनाव बढ़ने की आशंका और कच्चे तेल में उछाल के चलते एशिया के कुछ बाजारों पर दबाव दिखा तो कुछ बाजारों में शानदार रौनक दिखी। जापान का निक्केई 225 और सिंगापुर का स्ट्रेट टाइम्स फिलहाल रेड जोन में है तो इंडोनेशिया के जकार्ता कंपोजिट और चीन के शंघाई कंपोजिट में आधे-आधे फीसदी से अधिक की गिरावट है। वहीं दूसरी तरफ दक्षिण कोरिया का कोस्पी तो 3% से अधिक उछलकर रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया और हॉन्ग कॉन्ग के हैंग सेंग में भी आधे फीसदी से अधिक बढ़त है।
मार्केट की घबराहट को मापने वाले इंडेक्स इंडिया विक्स के तेजी से फिसलकर 16 से नीचे आने पर निवेशकों का मूड पॉजिटिव हुआ। हालांकि अभी भी यह 15 के ऊपर है। फिलहाल यह 4.92% की गिरावट के साथ 15.88 पर है। इसके अधिक होने का मतलब है कि मार्केट में वोलैटिलिटी हाई है और कम होने का मतलब है कि वोलैटिलिटी फीकी हो रही है।
मार्केट में आज उठा-पटक की एक बड़ी वजह तो ढेर सारी एक्सपायरीज है। आज सिर्फ निफ्टी 50 की मंथली एक्सपायरी नहीं है बल्कि एनएसई के निफ्टी बैंक, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज, निफ्टी मिडकैप सेलेक्ट और निफ्टी नेक्स्ट 50 के डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की भी आज एक्सपायरी है। इसके अलावा एनएसई पर TCS, ITC और LIC समेत 209 इंडिविजु्ल स्टॉक्स के भी डेरिवेटिव कॉन्ट्रैक्ट्स की आज एक्सपायरी है।
डिस्क्लेमर: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।